सरायकेला: सरायकेला- खरसावां कांग्रेस के जिला अध्यक्ष विशु हेंब्रम पर आदित्यपुर की एक विधवा आदिवासी महिला ने शादी का झांसा देकर यौन शोषण का आरोप लगाया है. महिला इंसाफ के लिए थाने का चक्कर लगा रही है. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दिया है.बता दें कि दो साल पूर्व पहली पत्नी की मौत के बाद विशु हेम्ब्रम ने राजनगर स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत एक विवाहित महिला कर्मी सीता महाली (किस्कू) के साथ रिलेशनशिप में रह रहे थे. जब महिला ने जबरन शादी का दबाव बनाया तो इस साल हूल दिवस के दूसरे दिन महिला के साथ शादी कर ली. (नीचे भी पढ़े)

उधर आदित्यपुर की एक दूसरी महिला के साथ भी रिलेशनशिप में रह रहे थे. जिसका खुलासा तब हुआ जब महिला ने आदित्यपुर थाने में विशु हेंब्रम के खिलाफ शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने का आरोप लगाया.इस संबंध में विशु हेम्ब्रम ने बताया कि उन्हें राजनीतिक षड्यंत्र के तहत फंसाया गया है. महिला को वे नहीं जानते. पार्टी के ही कुछ लोगों द्वारा महिला से मिलाया गया था. सवाल उठता है कि आखिर विशु हेंब्रम को किसने फंसाया?(नीचे भी पढ़े)
विशु हेंब्रम ने बताया कि उन्हें राजनीतिक षड्यंत्र के तहत फंसाया गया है, और पार्टी के ही कुछ नेताओं द्वारा महिला को उनसे मिलाया गया था. तो क्या विशु हेंब्रम राजनीतिक महत्वाकांक्षा रखने वाले नेताओं की भेंट चढ़ गए. बता दें कि सरायकेला- खरसावां जिले में दो- दो जिला अध्यक्ष हैं. जिला अध्यक्ष विशु हेम्ब्रम के अलावा अंबुज कुमार कार्यकारी जिलाध्यक्ष हैं. विशु के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल होते ही अंबुज का रास्ता साफ हो जाएगा. अंबुज पर कांग्रेसी नेत्री अनामिका सरकार ने कई गंभीर आरोप लगाए थे जिसे पार्टी ने नजरअंदाज कर उन्हें कार्यकारी जिलाध्यक्ष मनोनीत किया है.(नीचे भी पढ़े)
इधर भाजपा नेता सतीश शर्मा ने इस प्रकरण पर प्रशासन से निष्पक्ष जांच किए जाने की मांग की है. उन्होंने कांग्रेस आलाकमान की चुप्पी पर चुटकी लेते हुए कहा है कि जिले के कांग्रेसियों का नैतिक पतन हो गया है. अपने जिला अध्यक्ष पर लगे बलात्कार एवं महिला उत्पीड़न जैसे गंभीर मामलों पर जिले के कांग्रेसी नेता कान में रुई डालकर चुप्पी साधे हुए हैं. साथ ही जानता का ध्यान भटकाने हेतु तरह- तरह के हथकंडे अपनाते है. राहुल गांधी की सजा को हाईकोर्ट ने बरकरार रखा है. कोर्ट के फैसले की बौखलाहट में जिले के कांग्रेसी नेता न्यायलय विरोधी तरह- तरह के बयानबाजी और कार्यक्रम कर रहे है जो न्यायालय के अवमानना का मामला बनता है. भाजपा नेता सतीश शर्मा ने कहा कि जल्द ही जिले के कांग्रेसी नेताओं के न्यायलय अवमानना संबंधित साक्ष्यों को गुजरात के संबंधित न्यायलय में प्रस्तुत करेंगे.




