सरायकेला : सरायकेला- खरसावां जिले के कपाली नगर परिषद क्षेत्र हल्की बारिश में ही जलमग्न हो जाता है. हर साल बारिश के मौसम में यह समस्या दुहराई जाती है लेकिन नगर परिषद और प्रशासन की लापरवाही के कारण कोई स्थायी समाधान अब तक नहीं निकाला जा सका है. नालों की सफाई समय पर नहीं होती और जलनिकासी की समुचित व्यवस्था भी नहीं है, जिससे स्थानीय लोग हर बार परेशानी झेलने को मजबूर होते हैं. इधर पिछले 24 घंटो की बारिश ने एकबार फिर से कपाली वासियों की धड़कने बढ़ा दी है. (नीचे भी पढ़ें)

रहमतनगर निवासी मोहम्मद जलील अहमद ने बताया कि पिछले दो दिनों से वे घर में ही फंसे हुए हैं. खाने- पीने तक की समस्या उत्पन्न हो गई है और दुकान तक जाना मुश्किल हो गया है. उन्होंने कहा कि वर्षों से यही हालात हैं लेकिन जनप्रतिनिधि और अधिकारी समस्या का स्थायी समाधान नहीं निकाल पाए हैं. वहीं स्थानीय निवासी अशरफ अली ने कहा कि नाले का गंदा पानी रात से ही घरों में घुसा हुआ है, जिससे घर का सामान खराब हो रहा है और बीमारियों का खतरा मंडरा रहा है. (नीचे भी पढ़ें)

उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि चुनाव के समय नेता वोट मांगने आते हैं लेकिन जलजमाव जैसी गंभीर समस्या पर किसी की नजर नहीं पड़ती. उधर राहगीरों ने बताया कि जर्जर सड़कें और जलजमाव ने जीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है. बच्चों को स्कूल जाने में दिक्कत हो रही है, बुजुर्ग और महिलाएं घरों से बाहर नहीं निकल पा रही हैं. इस स्थिति में हर साल लोग परेशान होते हैं लेकिन प्रशासन और नगर परिषद केवल कागजों पर योजनाएं बनाकर खानापूर्ति करती है. (नीचे भी पढ़ें)
स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और नगर परिषद से मांग की है कि जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और जर्जर सड़कों की मरम्मत कराई जाए, ताकि कपाली क्षेत्र की जनता को हर साल बारिश में इस तरह की समस्याओं से राहत मिल सके.



