चाकुलिया : चाकुलिया प्रखंड की माटियाबांधी पंचायत के गंगा और घाघरा गांव के बीच स्थित गोटाशिला पहाड़ पूजा 7 जुलाई को है. पूजा को लेकर पूजा कमेटी द्वारा तैयारियां जोर शोर से की जा रही है. गोटाशिला पहाड़ की पूजा 40 मौजा के ग्रामीण अच्छी बारिश और क्षेत्र की खुशहाली के लिए क्षेत्र के लोग वर्षो से पूजा करते आ रहे हैं. पहाड़ पूजा के दिन पूजा करने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ेगी. पूजारी सुदेव घोषाल श्रद्धालुओं की पूजा संपन्न करवाएंगे. (नीचे भी पढ़ें)
पहाड़ की तलहटी पर है झरना : गोटाशिला पहाड़ के बीचों बीच शंकर भगवान की मंदिर है, जहां पहाड़ पूजा के दिन ग्रामीण श्रद्धा पूर्वक गोटाशिला बाबा की पूजा करेंगे. मंदिर से सटे झरना है जो सालों भर झरना का पानी बहता रहता है. गांव के ग्रामीण और कमेटी के लोगों ने बताया की यह झरना कभी सुखता नहीं है. आस पास के तालाब समेत अन्य जल स्रोत गर्मी में सुख जाते हैं परंतु मंदिर से सटे झरना कभी सुखता नहीं है. झरना लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बिंदु है. (नीचे भी पढ़ें)

पहाड़ी और प्राकृतिक सौंदर्य करता है आकर्षण : गोटाशिला पहाड़ तक जाने के लिए धालभूमगढ़ और चाकुलिया प्रखंड से सड़क मार्ग जुड़े हुए हैं. विभिन्न वाहनों से श्रद्धालु गोटाशिला पहाड़ पहुंचते है. श्रद्धालु गंगा पहुंचकर पैदल 2 किमी चलकर गोटाशिला बाबा मंदिर पहुंचकर श्रद्धा पूर्वक पूजा कर क्षेत्र की खुशहाली की कामना करते हैं. गोटाशिला बाबा मंदिर पहाड़ों से घिरा है और पहाड़ के बीचों बीच मंदिर है. पहाड़ी और प्राकृतिक सौंदर्य यहां आने वाले लोगों को अपनी और आकर्षित करता है. पहाड़ के हरा भरा साल वन और शाम में मौर पक्षी के मधुर आवाज लोगों को खुब भाती है. (नीचे भी पढ़ें)
वन विभाग द्वारा पहाड़ स्थित मंदिर का कर रहा है सौंदर्यीकरण कार्य : गोटाशिला पहाड़ को पर्यटन का दर्जा दिलाने की मांग क्षेत्र के लोग वर्षो से कर रहे थे जिसे बहरागोड़ा के विधायक समीर मोहंती ने सरकार के समक्ष रखकर गोटाशिला पहाड़ को पर्यटन के रूप में विकसित करने की मांग की जिसे सरकार ने स्वीकृति दी है और वन विभाग द्वारा करोड़ों की लागत से गोटाशिला बाबा मंदिर की सौंदर्यीकरण कार्य कि जा रही है जो अंतिम चरण पर है.







