
जमशेदपुर : टाटा स्टील की अनुषंगी इकाई गम्हरिया स्थित टिस्को ग्रोथ शॉप की अधिकृत यूनियन टिस्को मजदूर यूनियन में एक नया मोड़ आ गया है. श्रम विभाग ने शिव लखन सिंह की अध्यक्षता वाली कमेटी को मंजूरी दे दी है और रजिस्टर बी में उनकी कमिटी को दर्ज कर लिया है, जो यूनियन की सरकारी मान्यता मानी जाती है. इस तरह अपने रिटायरमेंट के एक दिन पहले ही शिव लखन सिंह ने एक बड़ा दांव खेला है, जिससे राकेश्वर पांडेय के समक्ष चुनौतियां बढ़ गई है. रजिस्टर बी में दर्ज टिस्को मजदूर यूनियन की कमेटी को दर्ज करते हुए श्रम विभाग ने बताया है कि वर्ष 1976 में ही टिस्को मजदूर यूनियन की मान्यता दी गई थी लेकिन बिहार से अलग होने के बाद झारखंड में यूनियन का रजिस्ट्रेशन नहीं कराया गया था. इसके बाद से टिस्को मजदूर यूनियन की मान्यता को समाप्त कर दी गई थी. इस बीच शिवलखन सिंह की अध्यक्षता में पिछले दिनों कमिटी बनाई गई थी, जिसको मंजूरी देने के लिए श्रम विभाग के पास भेजा गया था. इस कमेटी में अध्यक्ष शिव लखन सिंह, उपाध्यक्ष जी सी श्रीवास्तव, महासचिव नवीन कुमार, संयुक्त सचिव दिनेश चंद्र उपाध्याय, कोषाध्यक्ष दिलीप कुमार महतो और कमेटी मेंबर के तौर पर ओम प्रकाश पाठक, कौशल कुमार, रंजन कुमार और मिंटू पात्रा को जगह दी गई है. आपको बता दें कि पिछले दिनों ही इस कमेटी का गठन शिव लखन सिंह ने किया था जिस पर मैनेजमेंट ने रोक लगाते हुए राकेश्वर पांडेय की अध्यक्षता वाली यूनियन को ही मान्यता दी थी जबकि महामंत्री के तौर पर शिव लखन सिंह को बनाए रखा गया था लेकिन शिव लखन सिंह ने 30 अक्टूबर के अपने रिटायरमेंट के ठीक 1 दिन पहले राकेश्वर पांडेय को चुनौती देने के लिए एक बड़ा दांव खेला है. अब सारा खेल मैनेजमेंट की मान्यता पर टिकी हुई है कि मैनेजमेंट यूनियन को मान्यता देती है.






