जमशेदपुर : गम्हरिया स्थित आर्का जैन यूनिवर्सिटी में आज एनसीसी की 37, झारखंड बटालियन के तत्वावधान में आपदा प्रबंधन पर एक दिवसीय विशेष प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया. इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में कुल 300 छात्र और 250 छात्रा एनसीसी कैडेट्स ने उत्साहपूर्वक भाग लिया. इसमें आपदा प्रबंधन के तहत किसी भी आपात स्थिति से निपटने की पूर्व तैयारी, बचाव और राहत कार्यों की विवरणात्मक जानकारी दी गई. इसके साथ ही दुर्घटना या बेहोशी की हालत में या कार्डियक अरेस्ट से पीड़ित मरीज की जांच और जान बचाने के लिए ‘सीपीआर’ की आवश्यकता और उसकी पूरी प्रक्रिया भी बारीकी से सिखाई गई. (नीचे भी पढ़ें)

अग्निशमन सुरक्षा के तहत आग कितने प्रकार की होती है और विभिन्न प्रकार की आग पर किस प्रकार काबू पाया जा सकता है, इसका व्यावहारिक प्रदर्शन किया गया. आपातकालीन बचाव के तहत किसी भी दुर्घटना की स्थिति में ‘इमरजेंसी मेथड ऑफ रेस्क्यू’ का उपयोग कर सुरक्षित बाहर निकालने के तरीके बताए गए. इस प्रशिक्षण शिविर का सफल नेतृत्व सिविल डिफेंस के चीफ वार्डन सह मास्टर ट्रेनर अरुण कुमार ने किया. उनके साथ मास्टर ट्रेनर जितेंद्र ने भी विषय-वस्तु पर उपयोगी कक्षा ली. इस दौरान वॉलेंटियर्स अंकिता झा और डिंकी महतो ने भी महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया. (नीचे भी पढ़ें)

प्रशिक्षण के समापन के बाद एनसीसी के कर्नल विनय आहूजा ने सभी प्रशिक्षकों को सम्मानित किया. उन्होंने इस प्रकार के प्रशिक्षण को आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत बताते हुए सभी प्रशिक्षुओं का उत्साहवर्धन किया और उन्हें समाज हित में आगे आने के लिए प्रेरित किया.




