
जमशेदपुर : आरवीएस कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग एण्ड टेक्नोलॉजी जमशेदपुर को आईआईटी दिल्ली ने वर्चुअल लैब के लिए अपना नोडल सेन्टर बनाया है। संस्थान के कोषाध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया है कि कॉलेज के डीन एकेडेमिक डॉ राजेश कुमार तिवारी विगत कई सप्ताहों से इस संस्थान को आईआईटी दिल्ली के वर्चुअल लैब का नोडल सेन्टर बनाने के लिए प्रयासरत थे। पिछले दो जून को उन्हें अपने प्रयास मे सफलता मिली। आईआईटी दिल्ली ने कॉलेज के प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए इस कॉलेज को झारखण्ड प्रदेश में नोडल सेन्टर बनाने की अपनी सहमति दी है। कोविड-19 से प्रभावित शिक्षण व्यवस्था के परिदृश्य में इस कॉलेज का वर्चुल लैब का नोडल सेन्टर बनना न केवल कॉलेज परिवार को लिए हर्ष एवं गौरव का विषय है, बल्कि इस संस्थान में अध्ययनरत छात्र-छात्रओं के शैक्षणिक विकास के लिए एक वरदान साबित होगा। आरवीएस कॉलेज के नोडल सेन्टर बनने से यहां के छात्र आईआईटी दिल्ली में उपलब्ध लैब फैसिलिटीज का ऑनलाईन फायदा उठा सकेगें। ऑनलाइन क्लास का संचालन अब कॉलेज परिसर से ही चल रहा है। सभी शिक्षक नियमित रूप से कॉलेज आ रहे हैं एवं ऑनलाइन क्लास का संचालन हो रहा है। जब शिक्षकों एवं अन्य कर्मचारियों को उपर्युक्त सूचना मिली, सभी लोगों में खुशी की लहर दौड़ गयी। संस्थान के कोषाध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि आईआईटी दिल्ली का वर्चुअल लैब के लिए नोडल केन्द्र बनना आरवीएस0 कॉलेज के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जैसा है। संस्थान के निदेशक प्रो (डॉ) आरएन गुप्ता ने कहा कि हमारे छात्र-छात्राओं को इस सुविधा का लाभ उठाना चाहिए। इस दौरान कोषाध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह एवं निदेशक प्रो (डॉ) आरएन गुप्ता के अलावा प्रो (डॉ) राजेश कुमार तिवारी, रिसर्च डीन डॉ विक्रम शर्मा एवं सभी विभागों के अध्यक्ष उपस्थित थे। यहां यह बताना समीचीन होगा कि इस कॉलेज के शिक्षकों के अलावा यहां के कम्प्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग विभाग छठे समेस्टर की छात्रा अपूर्व राज ने आईआईटी खड़गपुर द्वारा संचालित एनपीटीईएल की परीक्षा में गोल्ड सर्टिफिकेशन प्राप्त किया है।
कॉलेज के शिक्षकों की प्रतिक्रिया
- डॉ राजेश कुमार तिवारी ने कहा कि इस कॉलेज के आईआईटी दिल्ली के नोडल सेन्टर बनने से हमारे अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को आईआईटी दिल्ली के सौजन्य से उन्हें ऑनलाइन वही सुविधा मिलेगी जो वहां के विद्यार्थियों को मिलती है।
- प्रो जीवन कुमार, विभागाध्यक्ष, कम्प्यूटर साइंस एवं इंजीनियरींग विभाग ने कहा आरवीएस कॉलेज के वर्चुअल लैब का नोडल सेन्टर बनने से हमारे बच्चों को उच्च स्तरीय लैब फैसिलिटीज का लाभ प्राप्त होगा एवं वे अपने प्रोजेक्ट वर्क को और अधिक इनोवेटिव बना पायेंगें।







