
जमशेदपुर : टाटा स्टील की अधिग्रहित कंपनी तार कंपनी (आईएसडब्ल्यूपी) की अधिकृत यूनियन के चुनावी माहौल और तल्ख होता नजर आ रहा है. मंगलवार को तार कंपनी यूनियन के सत्ता पक्ष के समर्थन में ई-सीरीज कर्मचारियों का दल मैदान में उतरा. विपक्षी नेताओं पर जोरदार हमला इन लोगों ने किया. ई-सीरीज ग्रेड के कर्मचारियों ने एक बैठक कर कहा कि आज पुनः भूतपूर्व महामंत्री द्वारा चुनाव को लेकर विधवा विलाप शुरू किया गया है. हकीकत यह है कि ये अभी महामंत्री नहीं है और इस बात को ये हजम नहीं कर पा रहे है और प्रबंधन इनसे यदि ग्रेड की बात करता है तो इससे बड़ा झांसा कुछ हो ही नहीं सकता और ये बड़े बयानवीर बन रहे है. आखिर में इस कंपनी में नए सीरीज का ग्रेड 2009 में बनाने वाले ये थे. पुनः 2015 में दोबारा बनाने वाले ये और उसके बाद भी बयान देते है कि इनका वेतन बहुत कम है तो जो दो-दो बार ग्रेड बनाये थे. इन लोगों ने बताया कि इस बहरूपिये को अच्छी तरह पहचानता है और तभी तो 2018 के चुनाव में बाहर का रास्ता दिखाया और तब से तड़प रहे है और ये किसी के इसारे पर यूनियन को डिस्टर्ब कर रहे है जिसका सीधा फायदा किसे हो रहा है ये मजदूर समझ रहे है. (नीचे भी पढ़ें)
चुनाव के पहले कुछ नहीं करने वाले वादा कि सूची-
- 3 महीना में बकाया दिलाया जाएगा-टाउन के सभी बच्चो को सिक्योरिटी में परमानेंट नौकरी करवायेंगे जबकि 2015 से नियुक्ति बंद करवा दिए है.
- कंपनी में फ्लैट बनाएंगे- लोगो कि इन्सुरेंस 1 लाख जबकि दूसरे तरफ 10 लाख का समझौता हुआ था. इन सारे ई-सीरीज के लोग इनके झांसे में नहीं आने वाले है और ऐसे समय जब यूनियन पूरे दमखम से ग्रेड की लडाई लड़ रहे है और इनको अपनी कुर्सी की पड़ी है. हकीकत ये है कि 2018 के चुनाव हारने के बाद अपने लोगो को अनाथ छोड़कर 24 महीना व्यापार किये और पुनः 20 माह बचे है तो अपने स्वार्थपूर्ती हेतु पुनः ढपोरशंख बने फिर रहे है ओर कभी उपश्रम आयुक्त के नाम पर, कभी प्रबंध निदेशक के नाम पर, केवल झूठ बोल रहे है. भला ग्रेड जैसे संवेदनशील मुद्दे पर प्रबंधन केवल वर्तमान यूनियन से बात करने के लिए प्रतिबंध है जिसकी पूरी देखरेख प्रबंध निदेशक द्वारा किया जा रहा है. ऐसे में हमलोग प्रबंधन से भी यह आग्रह करते है कि इस तरह के लोग जो बयान दे रहे है वह आधिकारिक बयान नही है. बैठक की अध्यक्षता यूनियन कमिटी मेंबर दीना नायक, बीरेंद्र सिंह और अन्य ई सीरीज के लोग संतोष, इंद्रजीत गोप, मनीष कुमार सिंह, कपिल प्रसाद, रूपम, सूरज मुख्य रूप से उपस्थित थे.






