
जमशेदपुर : जमशेदपुर के एमजीएम अस्पताल में बीते दिनों ऋचा अग्रवाल के मौत के मामले को अग्रवाल सम्मेलन ने संज्ञान में लिया है. अग्रवाल सम्मेलन के उपाध्यक्ष मुकेश मित्तल एवं महासचिव संदीप मुरारका ने अपने स्तर से मामले की छानबीन की और पाया कि ऋचा अग्रवाल चक्रधरपुर की रहने वाली हैं. ऋचा के पति जावेद खान मर्डर केस में रांची जेल में बंद हैं. ऋचा का कहना था कि उसके साथ सामूहिक बलात्कार हुआ था, उसे एक माह तक नशे के इंजेक्शन दिए जाते रहे, जिससे उसकी मानसिक हालत खराब हो गई. ये केस चांडिल थाना में दर्ज है़. उसके पेट में ट्यूमर था, जिसका इलाज एमजीएम में चल रहा था. ऋचा की मौत 2 दिसंबर को एमजीएम अस्पताल में हो गई. कोई दावेदार नहीं आने पर मजबूरन एमजीएम अस्पताल ने साकची थाना को 9 दिसंबर को सूचित किया एवं शव को एमजीएम कॉलेज में भिजवा दिया 10 दिसंबर को बॉडी का पोस्टमार्टम किया. सोमवार को 72 घंटे पूरे होने के बाद यदि चक्रधरपुर से लड़की के मायके से अथवा ससुराल से कोई परिजन सामने नही आया तो अग्रवाल सम्मेलन एवं अग्रवाल युवा मंच अपनी जिम्मेदारी दिखाते हुए उपरोक्त शव के अंतिम संस्कार हेतु जिला प्रशासन से अनुमति प्राप्त करेगा. अग्रवाल युवा मंच के महासचिव सन्नी संघी, अग्रवाल सम्मेलन के अध्यक्ष संतोष अग्रवाल, सुरेश काँवटिया, कैलाश अग्रवाल अधिवक्ता, प्रदेश प्रवक्ता कमल किशोर अग्रवाल इत्यादि सभी सदस्य पूरी संवेदनशीलता से इस घटनाक्रम पर नजर रखे हुए हैं.





