जमशेदपुर : शहर में मलेरिया एवं डेंगू के बढ़ते मामलों को देखते हुए जुगसलाई नगर परिषद के पार्षद अनिल मोदी एवं सत्यनारायण अग्रवाल ने शुक्रवार को जिले के सिविल सर्जन डॉ साहिर पाल से मुलाकात कर जुगसलाई क्षेत्र में अविलंब एंटी लार्वा का छिड़काव कराने की मांग की. पार्षदों ने सिविल सर्जन को बताया कि जुगसलाई नगर परिषद क्षेत्र अत्यंत घनी आबादी वाला इलाका है. वर्तमान में नगर परिषद् द्वारा एंटी लार्वा का छिड़काव नहीं कराया जा रहा है, जिससे मलेरिया एवं डेंगू जैसी मच्छर जनित बीमारियों के फैलने की आशंका लगातार बढ़ती जा रही है. उन्होंने कहा कि जन स्वास्थ्य की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए पूरे क्षेत्र में शीघ्र एंटी लार्वा का छिड़काव कना आवश्यक है. (नीचे भी पढ़ें)
सिविल सर्जन डॉ. साहिर पाल ने पार्षदों की मांग को गंभीरता से सुना. उन्होंने बताया कि सामान्यतः स्वास्थ्य विभाग द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में एंटी लार्वा छिड़काव कराया जाता है, जबकि शहरी क्षेत्रों में इसकी जिम्मेदारी संबंधित नगर निकाय की होती है. इसके बावजूद जुगसलाई की गंभीर स्थिति एवं घनी आबादी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग हर संभव सहयोग प्रदान करेगा. (नीचे भी पढ़ें)
मुलाकात के दौरान सिविल सर्जन ने तत्काल दूरभाष पर टाटा स्टील यूआइएसएल (पूर्व जुस्को) के संबंधित अधिकारियों से बात कर जुगसलाई के संवेदनशील क्षेत्रों में शीघ्र एंटी लार्वा का छिड़काव कराने का आग्रह किया. इस पर टाटा स्टील यूआइएसएल के अधिकारियों ने आश्वस्त किया कि 1 अगस्त से जुगसलाई के चिह्नित संवेदनशील क्षेत्रों में एंटी लार्वा छिड़काव अभियान प्रारंभ कर दिया जाएगा. (नीचे भी पढ़ें)
पार्षद सत्यनारायण अग्रवाल एवं अनिल मोदी ने स्वास्थ्य विभाग तथा टाटा स्टील यूआइएसएल का आभार व्यक्त करते हुए विश्वास जताया कि सभी संबंधित एजेंसियों के समन्वित प्रयास से जुगसलाई में मलेरिया एवं डेंगू की रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएंगे और क्षेत्रवासियों को इन मच्छरजनित बीमारियों से सुरक्षित रखने में सफलता मिलेगी.




