जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम समाहरणालय संवर्ग के कर्मी एवं साहित्यकार बोध मुण्डा द्वारा रचित मुण्डारी-हिन्दी द्विभाषी गीत संग्रह “ओमोन्–मुण्डारी साइति पुथी” का बुधवार को समाहरणालय परिसर में आयोजित एक समारोह में विमोचन हुआ. उपायुक्त ने जिला भू-अर्जन पदाधिकारी समेत समाहरणालय के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति में पुस्तक का लोकार्पण किया. (नीचे भी पढ़ें)

समारोह के दौरान अपर उपायुक्त ने मुण्डारी भाषा के संरक्षण और प्रचार-प्रसार में इस पुस्तक की भूमिका की सराहना करते हुए सुझाव दिया कि इसकी एक प्रति अधिसूचित क्षेत्र समिति, जमशेदपुर द्वारा संचालित डीएम लाइब्रेरी, साकची में भी उपलब्ध कराई जाए, ताकि अधिक से अधिक पाठक इसका लाभ उठा सकें. (नीचे भी पढ़ें)
उपायुक्त एवं अपर उपायुक्त ने बोध मुण्डा को उनकी साहित्यिक उपलब्धि पर बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं, साथ ही इस उपलब्धि के लिए जिला भू-अर्जन पदाधिकारी की भी सराहना की गई. जिला भू-अर्जन पदाधिकारी ने कहा कि उनके कार्यालय में कार्यरत एक कर्मी द्वारा मुण्डारी भाषा और साहित्य के क्षेत्र में इस तरह का महत्वपूर्ण योगदान पूरे कार्यालय के लिए गर्व का विषय है. उन्होंने बोध मुण्डा को शुभकामनाएं देते हुए भविष्य में भी ऐसी रचनात्मक गतिविधियों को जारी रखने की अपेक्षा की.




