
जमशेदपुर : जमशेदपुर में भोजपुरी समाज के प्रबुद्धजनों की बैठक में भोजपुरी भाषा के विकास को लेकर भोजपुरी विकास परिषद नामक संस्था का गठन किया है. इस संस्था की शुरुआत बसंत पंचमी के शुभ दिन गई. खासकर, भोजपुरी को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल कराना इस संस्था का मुख्य उद्देश्य है. बैठक का आयोजन बिष्टुपुर स्थित निर्मल गेस्ट हाउस में किया गया. इस दौरान सर्वसम्मति से महेंद्र मिश्रा को परिषद का अध्यक्ष बनाया गया. वहीं, बैठक में मुख्य अतिथि के रुप में इंटक के राष्ट्रीय सचिव राकेश्वर पांडेय, राष्ट्रीय जनता दल लोकतांत्रिक की नेता शारदा देवी, महेन्द्र मिश्रा, मिथलेश श्रीवास्तव, विरेन्द्र कुमार तिवारी, अशोक कुमार, लता सिन्हा, जेपी सिंह, दिलीप भारद्वाज, संजय पाठक, शिव कुमार राय, उदय शंकर पाठक, संतोष कुमार, अभिषेक मिश्रा समेत अन्य लोग उपस्थित थे. कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलित कर तथा मंत्रोच्चार के माध्यम से विधिवत रूप से की गई. इस मौके पर मंच से जुड़े समाज के लोगों ने कहा कि भोजपुरी भाषा को आठवीं अनुसूची में शामिल करवाने के लिए कई प्रयास किये गए हैं. लेकिन भोजपुरी भाषा के उत्थान के लिए अब तक झारखंड सरकार ने कोई सकारात्मक कार्रवाई नही की है. इन सारे मुद्दों को ध्यान में रखते हुए मंच का गठन किया गया है. इस मंच के बैनर तले आगामी दिनों में भोजपुरी भाषा भाषियों को एक छत के नीचे लाया जाएगा. भोजपुरी भाषी एकजुट होकर सरकार के समक्ष अपनी आवाज़ को बुलंद कर अपने हक व अधिकार हासिल करेंगे. कार्यक्रम का संचालन मिथलेश श्रीवास्तव ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन दिलीप भारद्वाज ने किया.

छात्रों, युवाओं, कृषि श्रमिकों, किसानों, मजदूर,कर्मचारियों आदि के जन संगठनों का अखिल भारतीय मंच, “जन एकता जन अधिकार आंदोलन ” द्वारा महात्मा गांधी के 72 वें शहादत दिवस को, सांप्रदायिक सद्भाव, शांति और एकता के संदेशों को फैलाने तथा भारत को पंथनिरपेक्ष देश बनाये रखने एवं नागरिकों के गरिमा, आपसी बन्धुता बढ़ाने और राष्ट्र की एकता और अखण्डता सुनिश्चित कराने के लिए संकल्प ग्रहण दिवस के रूप में मनाया गया हैं. दिनभर का कार्यक्रम का समापन साकची चौक पर विभिन्न संगठनों के सदस्यों द्वारा एक मिनट का मौन रखकर किया गया, जिस समय गांधीजी को वर्ष 1948 में एक धार्मिक कट्टरपंथी द्वारा गोली मार दी गई थी. अंत में देशवासियों से सांप्रदायिक कट्टरता तथा धार्मिक राष्ट्रवाद की बढ़ते खतरे से देश को बचाने के लिए एवं संविधान को बचाने के लिए अपील की गई हैं. कार्यक्रम में सीटू, किसान सभा, जनवादी महिला समिति, बीमा और फार्मा उद्योगों के सदस्य और नेता बड़ी संख्या में उपस्थित थे.
महात्मा गांधी की पुण्यतिथि पर एकता सम्मेलन सह प्रार्थना सभा आयोजित

चाईबासा: जिला कांग्रेस के तत्वावधान में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि को शहादत दिवस के रूप में मनाया गया । इस अवसर पर महात्मा गांधी के अहिंसा एवं साम्प्रादायिक सौहार्द को आगे बढ़ाने के लिए एकता सम्मेलन और प्रार्थना समारोह का आयोजन कर राष्ट्रपिता के संदेशों पर प्रकाश डाला गया । गांधी मैदान स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के आदमकद प्रतिमा पर पूर्वाहन में मार्ल्यापण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई. तत्पश्चात कांग्रेस भवन में कार्यकारी जिलाध्यक्ष अम्बर राय चौधरी एवं रंजन बोयपाई की अध्यक्षता में एकता सम्मेलन आयोजित किया गया एवं लोकसेवा केन्द्र के कर्मी अवधेश कुमार द्वारा कांग्रेसियों को सूत तैयार करने का पशिक्षण दिया गया , सम्मेलन का संचालन महिला कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष जानवी कुदादा ने किया वहीं धन्यवाद ज्ञापन जितेन्द्र नाथ ओझा ने किया ।

सम्मेलन को मुख्यवक्ता सांसद गीता कोड़ा , विधायक सोनाराम सिंकु ने सम्बोधित किया ।
सांसद गीता कोड़ा ने कहा कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी आजादी के सबसे बड़े नायक थे आजादी के संघर्ष में महात्मा गांधी ने जिन हथियारों का प्रयोग किया था, वे आज भी उतने ही प्रासंगिक है । गांधी जी ने भारत के संघर्ष को आगे बढ़ाने के लिए अहिंसक विकल्पों की खोज करने के लिए एक जागरूक विकल्प बनाया, इसलिए कांग्रेस पार्टी ने आज के दिन अहिंसा एवं सौहार्द के संदेश को जन-जन तक पहुंचायेगी । विधायक सोनाराम सिंकु ने कहा सर्वोदया अंत्योदय की सोच के बिना संविधान की प्रस्तावना अधूरी है। अंत्योदय की वेदना, वास्तविक एवं भौतिक स्थिति की अनुभूति के बिना देश की उक्त विषय पर नीति अधूरी है। इस मौके पर अनिता सुम्बरूई , निसार अहमद , त्रिशानु राय , पुनम हेम्ब्रम , दिनबंधु बोयपाई , राजु कायम , पोंडे राम सामड , रघुनंदन प्रदान , सुनीता सावैयां , शिवकर बोयपाई , कमल लाल राम , चंद्रशेखर दास , हिमांशु झा , लक्ष्मण हांसदा , अविनाश कोड़ा , चंद्रमोहन तापेय , विकास वर्मा , बीएन पुरती , संदीप सन्नी देवगम , नन्द गोपाल दास ,टाटा बारी , जगदीश सुंडी , नीति गोडसोरा , सुशीला जेराई , ईस्माईल सिंह दास , राकेश सिंह , संतोष सिन्हा , संजय रवि , मोहन सिंह हेम्ब्रम , धर्मेन्द्र साह , दिकु सावैयां , रामजी शर्मा , घनश्याम कोड़ा , मो. सलीम , नारायण निषाद , कुलदीप सिंह बोयपाई , राहुल दास , सरफराज आलम , अर्श अली , सुशील कुमार दास , सनातन सावैयां , राजेन्द्र कच्छप , बैजनाथ कुम्हार , रामाय बारी , अजय प्रजापति सहित अन्य उपस्थित थे ।







