
जमशेदपुर : झारखंड में बर्ड फ्लू की आहत को लेकर स्वास्थ्य विभाग और पशुपालन विभाग पूरी तरह सतर्क है. इस कड़ी में जमशेदपुर के जुबिली पार्क में मृत पाये गये 4 कौओं की लाश को सैंपल के रुप में लैब भेजा गया था, जिसको रिजेक्ट कर दिया गया है. कौओं की लाश लैब पहुंचते तक सड़ गयी थी, जिसके बाद उसका टेस्ट करने से ही इंकार कर दिया गया है. यह तो अच्छा है कि जमशेदपुर का पशुपालन विभाग ने उसके दूसरे सैंपल यानी स्वैब और पखाना का भी सैंपल भेजा था, जिसकी जांच चल रही है. दरअसल, जमशेदपुर में कौओं की लाश चार दिनों पहले पायी गयी थी. इसकी जांच के लिए पहले जमशेदपुर से रांची भेजा गया. रांची से उस सैंपल को रिजनल डिजीज डायग्नोस्टिक लैब बंगाल भेजा गया. बंगाल से वह सैंपल भोपाल गया. भोपाल में वायरलॉजी विभाग ने मृत कौओं की लाश को सड़ा बताकर लेने से ही इंकार कर दिया. इसके बाद अब सिर्फ स्वैब और पखाना के भेजे गये सैंपल की जांच की जा रही है. इसके तहत अब वायरलॉजी विभाग ने कहा है कि मरने वाले पक्षियों के सैंपल को 24 घंटे के भीतर लैब तक पहुंचाने को कहा है ताकि सही तरीके से जांच हो सके. सभी मृत कौओं की लाश को जमीन में दफनाने को कहा गया है. रांची से भी पक्षियों की लाश भेजी गयी थी, जो भी खराब हो चुकी थी. दरअसल, लैब से भोपाल भेजने की कोई व्यवस्था ही नहीं है, जिस कारण यह हालात है. वैसे अब सारे सैंपलों की जांच चल रही है. जमशेदपुर के पशुपालन पदाधिकारी डॉ सुनील कुमार ने बताया कि ट्रेन के माध्यम से सैंपल भेजे गये थे, जिसकी डेड बॉडी खराब हुई है. सैंपल जो भेजा गया था, उसकी जांच चल रही है, जिसके रिपोर्ट दो चार दिनों में आ जाने की उम्मीद है. वैसे आपको बता दें कि झारखंड के अलावा गोड्डा, धनबाद, दुमका, रांची और जमशेदपुर में भी मौत हो चुकी है. महगामा में तो 2019 में तो बर्ड फ्लू की जांच में पोजिटिव भी पाये जा चुके है.





