जमशेदपुर : जमशेदपुर के एमजीएम अस्पताल के कैदी वार्ड में वर्ष 2013 में निरीक्षण के दौरान गैंगस्टर अखिलेश सिंह का भाई अमलेश सिंह के पास से मिली मोबाइल मामले में बुधवार को अनुसंधानकर्ता एएसआई सनातन मुर्मू (बोड़ाम थाने में पदस्थापित) की गवाही हुई. गवाही के दौरान सनातन ने बताया कि 15 अप्रैल 2015 को वह तत्कालीन साकची थाना प्रभारी गोपाल सिंह से अनुसंधान का भार लिया था. अनुसंधान का भार लेने के बाद एमजीएम अस्पताल के कर्मी बिनोद सिंह एवं काशीनाथ से पूछताछ किया था क्योंकि इस मामले में अनुसंधान पहले ही puri हो चुकी थी. 30 अप्रैल 2015 को अमलेश सिंह के खिलाफ भादवि की धारा 414 और धारा 42 कैदी अधिनियम के तहत आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था. इस मामले में श्री सनातन चौथे गवाह थे. इस मामले की सुनवाई जमशेदपुर कोर्ट के सीजेएम निशांत कुमार की अदालत कर रही हैं. (नीचे भी पढ़ें)
घटना 8 अक्टूबर 2013 की है : पणन सचिव कृषि उत्पादन बाजार समिति परसुडीह के आशुतोष कुमार सिन्हा ने एमजीएम अस्पताल के कैदी वर्ड में अचैक निरीक्षण साकची पुलिस के सहयोग से किया था. इस दौरान अमलेश सिंह से एक नोकिया मोबाइल बरामद किया था. मोबाइल कमरे के दरवाजे में छिपाकर रखा गया था. जब्त मोबाइल से संबंधित कोई कागजात प्रस्तुत नहीं किया था. इस संबंध में अमलेश के खिलाफ साकची थाने में चोरी की मोबाइल और कैदी अधिनियम की धारा 42 के तहत मामला दर्ज किया गया था.



