
सात साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म किए जाने के आरोपी को 10 साल का सश्रम कारावास और 25 हजार रुपए का जुर्माना
जमशेदपुर के सोनारी थाना क्षेत्र के खूंटाडीह में 18 जून 2020 को सात वर्षीय नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म किए जाने के आरोपी अभिषेक उर्फ राहुल उर्फ भाण्डू को शनिवार को 10 साल का सश्रम कारावास का सजा दी गई. इस मामले की सुनवाई एडीजे-पांच सह स्पेशल जज संजय कुमार उपाध्याय की अदालत कर रही हैं. इस संबंध में बच्ची के परिजन सोनारी थाना में मामला दर्ज कराई थी. जिसमें बताया गया था कि घटना के दिन शाम 4 बजे शाहील बागती के घर के सामने खेल रही थी. तभी शाहील ने बच्ची को धक्का देकर घर के अंदर घूसा दिया। उस समय घर पर शाहील के बड़े भाई आरोपी अकेला था. वह दरवाजा बंद कर दिया. बच्ची की चिल्लाने की आवाज सुनकर बच्ची की बड़ी बहन पहुंची ओर दरवाजा खटखटाया तो अभिषेक दरवाजा खोल दिया. दोनों बहन रोते हुए घर पहुंची ओर स्री बात परिजन को बताई, तब जाकर मामला थाने तक पहुंची थी. पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था. अदालत ने आरोपी अभिषेक को दुष्कर्म, मारपीट और पोस्को के तहत अलग-अलग थाराओं में सजा सुनाई हैं, पर सभी सजांए साथ-साथ चलेगी.
आजादनगर में रंगदारी के लिये गोली मारने के मामले में जावेद दोषी करार, सजा 5 को
जमशेदपुर के आजादनगर थाना क्षेत्र में रंगदारी के लिये गोली मारने के मामले में एडीजे -4 राजेंद्र कुमार सिन्हा की अदालत ने शनिवार को जावेद उर्फ अब्दुल रज्जाक को दोषी करार दिया है. इस मामले में सजा के बिंदु पर 5 सितंबर को सुनवायी होगी. मामले का एक अन्य आरोपी छोटा बच्चा को पहले ही कोर्ट से सजा मिल चुकी है. मामले में जावेद फरार चल रहा था. घटना 24 मार्च 2014 की है. घटना के संबंध में आजादनगर थाना क्षेत्र के जाकीरनगर रोड नंबर 8 के रहने वाले मो. असलम के बयान पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था. असलम ने कहा था कि घटना के दिन उनका 15 वर्षीय बेटा जावेद हुसैन आधी रात को घर के बरामदे में पढ़ रहा था. अचानक गोली की आवाज सुनकर असलम दौड़े,इस बीच उन्होंने देखा कि छोटा बच्चा और जावेद उर्फ अब्दुल रज्जाक गोली मारकर बाइक पर सवार होकर भाग रहा है. बेटा जावेद हुसैन जमीन पर तड़प रहा था और शरीर से खून निकल रहा था. घटना के बाद जावेद को इलाज के लिये टीएमएच में भर्ती कराया गया था. जहां उसका इलाज हुआ था.





