
(अन्नी अमृता)जमशेदपुर : जमशेदपुर के गोलमुरी क्षेत्र स्थित पुलिस लाइन में जमशेदपुर एसएसपी ऑफिस में पदस्थापित महिला पुलिसकर्मी सविता रानी हेम्ब्रम, उसकी मां और उसकी बेटी की जांच शुरू कर दी गई है. पुलिस हत्या के एंगल से इसकी जांच कर रही है. फॉरेंसिक की टीम यहां आ चुकी है और सैंपल इकट्ठा कर हत्या से संबंधित सारी जानकारियों को इकट्ठा कर रही है. पुलिस के मुताबिक बुधवार की रात से ही उसको परिवार के लोग बार-बार फोन कर रहे थे. (नीचे देखे पूरी खबर)
मंगलवार से ही वह ड्यूटी नहीं जा रही थी. जमशेदपुर एसएसपी ऑफिस में वह पदस्थापित है. परिजनों को जब शक हुआ तो उन लोगों ने पुलिस को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद गोलमुरी पुलिस लाइन स्थित उसके फ्लैट का ताला तोड़ा गया तो वहां उसकी 8 साल की बेटी और उसकी मां और खुद पुलिसकर्मी सविता रानी हेंब्रम की लाश पाई गई. (नीचे देखे पूरी खबर)

बताया जाता है कि, किसी धारदार हथियार से उस पर वारकर इन तीनों की हत्या की गई है. जमशेदपुर के एसएसपी प्रभात कुमार और उनकी पूरी टीम इस कांड के उद्भेदन में लगी हुई है. बताया जाता है कि सविता के पति कैलाश हेंब्रम की नक्सली वारदात में मौत हो गई थी, जिसके बाद झारखंड पुलिस में कांस्टेबल की नौकरी उसको अनुकंपा के आधार पर दी गई थी. सविता मूल रूप से सरायकेला-खरसावां जिले के राजनगर की रहने वाली है और उनका पूरा परिवार अभी बागबेड़ा जटाझोपड़ी एरिया में रहता है. (नीचे देखे पूरी खबर)

घटना की सूचना के बाद परिजनों को भी जानकारी दी गई, जिसके बाद सारे परिजन वहां पहुंचे हैं. पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दी है. शव को देखने से ऐसा लगता है उसकी हत्या की गई है. इस बारे में जमशेदपुर एसएसपी ने बताया कि मामले की छानबीन चल रही है अभी ज्यादा कुछ जानकारी नहीं दी जा सकती है. वहीं परिजनों ने बताया कि उन लोगों को भी समझ नहीं आ रहा कि आखिर इस हत्याकांड को कैसे अंजाम दिया गया है और किन लोगों ने इस को अंजाम दिया है. परिवार वालों का रो रो कर बुरा हाल है. (नीचे देखे पूरी खबर और वीडियो)
मुश्किल से मिली थी नौकरी
पुलिस लाईन में कांस्टेबल सबिता समेत उसकी बेटी गिताय हेंब्रम और उसकी मां लखिया मूर्मू की अपने फ्लैट में लाशें मिलने की गुत्थी सुलझाने में पुलिस जुटी है. सबिता जमशेदपुर एसएसपी कार्यालय में पदस्थापित थी और पुलिस लाइन गोलमुरी में आवंटित फ्लैट में रहती थी. पति की मौत के बाद उसे बड़ी मुश्किल से अनुकंपा पर नौकरी मिली थी और फ्लैट में वह अपनी आठ वर्ष की बेटी और अपनी मां के साथ रहती थी. बहन ने रोते हुए बताया कि अनुकंपा की नौकरी को लेकर ससुरालवालों से विवाद हुआ था. सास चाहती थी कि सबिता के देवर को नौकरी मिले. सबिता मूल रूप से सरायकेला की रहनेवाली थी वहीं ससुराल के लोग डुमरिया में रहते हैं.




