
जमशेदपुर : जमशेदपुर के सोनारी कागलनगर सी रोड के पास अजय शाह उर्फ टिंकू की शुक्रवार की सुबह-सुबह हुई हत्या के मामले में पुलिस ने अब तक पांच लोगों को हिरासत में ले लिया है. इस घटना की जांच दो बिंदूओं पर टिकी हुई है. परिजनों ने कहा है कि इस घटना को बागबेड़ा के मटका किंग रंजीत झा ने अंजाम दिलाया है जबकि पुलिस के अनुसंधान में यह बातें सामने आयी है कि जेल से छूटे अपराधी मनीष सिंह ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया है. पुलिस मनीष सिंह के ऊपर ही जांच अब केंद्रित कर जांच कर रही है. बताया जाता है कि मनीष सिंह ने पिछले दिनों ही जुगसलाई में मृतक टिंकू के अजीज मित्र राजू सिंह के साथ मारपीट की थी. टिंकू ने कई जगहों पर यह कह दिया था कि वह मनीष सिंह की जान ले लेगा क्योंकि उसने उसके अजीज दोस्त राजू पर हमला किया है. इसी को लेकर मनीष सिंह ने टिंकू का ही काम तमाम कर दिया. पुलिस के अनुसंधान में यह बातें सामने आयी है कि हत्या के वक्त मनीष सिंह के साथ जमशेदपुर के सोनारी के भी कुछ अपराधी शामिल थे. मनीष सिंह ने अपराधियों के साथ मिलकर टिंकू की हत्या करा दी. बताया जाता है कि काफी दिनों से अजय शाह उर्फ टिंकू की रेकी की जा रही थी. इसकी सूचना भी खुद टिंकू को भी मिली थी. टिंकू इस कारण ही अभी हाल में ही अपना लाइसेंसी पिस्तौल लेकर चलता था. बताया जाता है कि जब घटना घटी, तब वह अपने बच्चे को स्कूल छोड़कर लौट रहा था. रास्ते में सी रोड के जोजो पान दुकान के पास रुका और हर दिन की तरह ही पान मसाला लिया. इस बीच एक व्यक्ति ने उनको पीछे बुलाया और वहां मौजूद चार अपराधियों ने मिलकर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी, जिसमें उसकी मौत हो गयी.
कौन है यह अपराधी मनीष सिंह
अपराधी मनीष सिंह पांच दिनों पहले ही जमशेदपुर के घाघीडीह जेल से छुटा था. वह पहले अपराधी मिंकू सिंह गिरोह का आदमी था. इसके बाद वह कार्तिक मुंडा गिरोह में शामिल हो गया. वह दुबराज नाग के साथ भी रहने लगा था. इसके अलावा हाल ही में सोनारी के छाबरा गोलीकांड में भी आरोपी थी, जिसमें वह जेल गया था. जेल से लौटने के बाद मनीष सिंह ने मृतक टिंकू के दोस्त राजू सिंह पर जानलेवा हमला कर दिया था. राजू सिंह के बाद से ही मनीष सिंह और अजय शाह उर्फ टिंकू के बीच विवाद बढ़ गया. बताया जाता है कि मनीष ने टिंकू को फोन पर धमकी भी दी थी, लेकिन उसके नंबर को ही टिंकू ने ब्लॉक कर दिया था.







