
जमशेदपुर : जमशेदपुर के गोलमुरी स्थित केबुल कंपनी में सिक्यूरिटी गार्ड के साथ मारपीट करने के मामले में हर दिन मामला बदलता नजर आ रहा है. इसको लेकर भारतीय जनता पार्टी और पूर्व मंत्री सह विधायक सरयू राय की पार्टी भारतीय जन मोरचा मुखर हो चुकी है और आंदोलन पर उतारु हो चुकी है. भारतीय जन मोर्चा का एक प्रतिनिधिमंडल जिला संयोजक राम नारायण शर्मा के नेतृत्व में जमशेदपुर के एसएसपी से मिला तथा गोलमुरी थाना प्रभारी की कार्य संस्कृति के संबंध में एक ज्ञापन सौंपा. प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी को बताया कि गोलमुरी थाना प्रभारी द्वारा अवैध कारोबारियों एवं असामाजिक तत्वों को संरक्षण प्रदान किया जा रहा है. इनके संरक्षण पर ही अवैध शराब की बिक्री, अवैध टाल, सट्टा, मटका और जमीन का अवैध करोबार चलाया जा रहा है. प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन में अनेक ऐसे उदाहरण का जिक्र किया है जिससे गोलमुरी थाना प्रभारी के गलत कार्य संस्कृति का पता चलता है. कई मामलों में गोलमुरी थाना प्रभारी द्वारा पैसा वसूलने के लिए गलत केस में फंसाने जैसा मामला भी पाया गया है. प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी से गोलमुरी थाना प्रभारी से ज्ञापन में दिये गये मामलों की जांच करने तथा उचित कारवाई करने का आग्रह किया. प्रतिनिधिमंडल में भाजमो के कोल्हान प्रभारी संजीव आचार्य, कुलविंदर सिंह पन्नु, जोगिंदर सिंह जोगी, विजय नारायण सिंह, विकास गुप्ता, सतीश गुप्ता, दीपक कुमार, राकेश कुमार, गौतम धर, पुनीत कुमार, मनोज सिंह, मुकेश कुमार आदि शामिल थे.

भाजपा नेताओं का दल डीसी से मिलकर केबुल कंपनी का मुद्दा उठाया
गोलमुरी थाना क्षेत्र के केबुल कंपनी को लेकर भाजपा नेताओं का दल भी जमशेदपुर के डीसी से मुलाकात की. इस मामले को लेकर इन लोगों द्वारा एक ज्ञापन सौंपा गया. भाजपा ने आरोप लगाया कि विगत छह महीनों से गोलमुरी स्थित केबुल कंपनी में चोरी और अप्रिय घटनाओं में बेतहाशा बढ़ोत्तरी हुई है. नित दिन दैनिक समाचार पत्रों में इस आशय की ख़बरें चिंतित करती है. उक्त कंपनी लगभग दो दशकों से अधिक समय से बंद बड़ी है और संबंधित वाद न्यायालय और औद्योगिक ट्रिब्यूनल में विचाराधीन है. वर्ष 2019 तक जहां कंपनी में चोरी की घटनाओं पर स्थानीय थाना सक्रियता से कार्रवाई करती थी, वहीं विगत 6 महीनों से चोरों के मनोबल में अत्यधिक वृद्धि होना चिंतनीय है. असामाजिक तत्वों और चोर-उच्चकों की नज़रें बंद कंपनी की बेशकीमती मशीनों और उपकरणों पर रहती है जिसे वे चोरी के उपरांत बेचकर लाभ अर्जित करते हैं. निकट भविष्य में कंपनी पुनः नियमित रूप से प्रारंभ होने की संभावनाओं के मद्देनजर उपकरणों का संरक्षण अत्यावश्यक है. हज़ारों की संख्या में कर्मचारियों जो कंपनी दोबारा शुरू होने की आशा में राह देख हैं, चोरी के वारदात उन्हें प्रभावित और चिंतित करती है. पिछले दिनों कंपनी सुरक्षाकर्मियों और स्थानीय थाना के मध्य गतिरोध की खबरें भी सामने आई हैं. भविष्य में ऐसी घटनाओं और निरंकुश चोरी के वारदातों पर विराम लगे इसपर पहल करने के अनुरोध सहित भारतीय जनता पार्टी भवदीय सेवा में उक्त पत्र आवश्यक कदम उठाने की जरूरत है.




