
जमशेदपुर/रांची : सिने अभिनेता दिलीप कुमार की 98 साल की उम्र में मौत हो गयी. वे झारखंड में आये है. रांची में वे पहली बार 1957 में आये थे. वे आये थे तो झारखंड (उस वक्त एकीकृत बिहार) की प्रकृति को देखकर भावविभोर हो गये थे. उनके मित्रत्र और फिल्म निर्माता कृष्ण अग्रवाल को देखने आ गये थे, जो टीबी से संक्रमित हो गये थे. उन्हें सलाह दी कि रांची के इटकी में बेहतर इलाज कराये. हवाई अडडा से सीधे वे टीबी सेनिटोरियम गये और उसी दिन देखने के बाद वे लौट गये थे. वे पलामू के सौंदर्यी पर मुग्ध हो चुके है. पलामू में वे डालटनगंज आये थे. उनका शो रखा गया था, लेकिन वे नहीं आ पा रहे थे, लेकिन गुवाहाटी की शूटिंग छोड़कर वे यहां आ गये थे और एक कार्यक्रम में शामिल होकर वापस चार्टर्ड प्लेन से लौट गये थे. यह कार्यक्रम सूखा पीड़ितों के लिए आयोजित किया गया था. चार मार्च 1984 को दिलीप कुमार नाइट का आयोजन जय जवान संघ की ओर से आयोजित किया गया था.
जमशेदपुर में आये थे दिलीप कुमार, जेआरडी टाटा से मुलाकात पर की थी यह टिप्पणी
जमशेदपुर भी एक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए दिलीप कुमार आये थे. वे 1974 में यहां आये थे, ऐसा जानने वाले बताते है. वे बंगाल क्लब में आये थे. करीब एक घंटे रुकने के बाद वे लौट गये थे. दूसरी ओरर, वे टाटा संस के चेयरमैन रह चुके जेआरडी टाटा के मुरीद थे. उन्होंने अपने ऑटोबायोग्राफी में उनकी तारीफ कर चुके है.






