मेदिनीनगर (पलामू) : बेरोजगार संघर्ष मोर्चा के जिला कार्यालय में महान क्रांतिकारी धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 126वीं शहादत दिवस मनायी गयी. कार्यक्रम की अध्यक्षता मोर्चा अध्यक्ष उदय राम ने की. सर्वप्रथम बिरसा मुंडा की तस्वीर पर फूल माला चढ़ा कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई. इस मौके पर मोर्चा अध्यक्ष उदय राम ने कहा कि बिरसा मुंडा महान क्रांतिकारी एवं समाज सुधारक थे. वे सिर्फ झारखंड के ही नहीं, बल्कि पूरे देश के क्रांतिकारी थे. उनका शहादत 9 जून 1900 ई: को हुआ था. बिरसा मुंडा ने अंग्रेजी हुकूमत के शोषण, दमन, अन्याय, महाजनी प्रथा एवं जमींदारी प्रथा के खिलाफ आंदोलन किया. जमींदारी द्वारा आदिवासियों पर अत्याचार एवं टैक्स लादने का कड़ा विरोध किया था। उन्होंने अन्यान्य के साथ कभी समझौता नहीं किया. बिरसा मुंडा भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के बड़े योद्धा थे. उन्हें भगवान का दर्जा प्राप्त है. (नीचे भी पढ़ें)
बिरसा मुंडा ने आज़ादी की लड़ाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. मोर्चा अध्यक्ष ने कहा कि बिरसा मुंडा का सपना था खुशहाल झारखंड एवं उन्नत झारखंड के साथ-साथ शोषण मुक्त समाज का निर्माण, जिसमें सभी को रोजी-रोटी एवं मान-समान मिल सके।मोर्चा अध्यक्ष उदय राम ने आह्वान किया कि हम सभी झारखंड वासी मिलकर भगवान बिरसा मुंडा के सपनों को साकार करने का संकल्प लें। इसके लिए हम सभी को समता युक्त समाज का निर्माण करना होगा. इस अवसर पर रविकांत कुमार, नीरज कुमार, सुधांशु कुमार, विशाल कुमार, आर्यन कुमार, कृष्णा राम, जयपाल मोची, संजय मिस्त्री ने भी अपने विचार व्यक्त किए। रामनरेश महतो ने धन्यवाद ज्ञापित किया.







