
सरायकेला : झारखंड में नई सरकार बनने के बाद सरायकेला के गम्हरिया प्रखंड अंतर्गत बुरुडीह पंचायत में पहला सरकारी जनता दरबार लगाया गया, जिसमें उपायुक्त ए दोड्डे जिला एवं प्रखंड के सभी अधिकारियों के साथ उपस्थित थे. उपायुक्त का स्वागत पारंपरिक आदिवासी तरीके से किया गया एवं कार्यक्रम की शुरुआत उपायुक्त ने दीप प्रज्वलित कर किया. कार्यक्रम शुरू करने से पूर्व कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने में उपायुक्त को काफी कठिनाई हुई, जिसका मुख्य कारण 10 वर्ष पहले बनी सड़क का टूट जाना था. हालांकि सड़क को लेकर कई बार ग्रामीणों द्वारा आंदोलन भी किया गया, लेकिन उपायुक्त जब स्वयं उस सड़क पर चले तो उन्हें आम लोगों की कठिनाई पूरी तरह से समझ में आ गई और कार्यक्रम शुरू करते ही उन्होंने रोड बनवाने का आदेश ग्रामीणों के समक्ष पास कर दिया. कार्यक्रम की शुरुआत होते ही पंचायत एवं प्रखंड के ग्रामीण क्षेत्रों से आए आम लोग अपनी अपनी शिकायत के लिए उपायुक्त के सामने मुखर होते दिखाई दिए. जहां कुछ ग्रामीण जिन्हें अभी तक उज्जवला योजना का लाभ नहीं मिला था उपायुक्त ने मौके पर ही उन्हें रसोई गैस एवं चूल्हा बांटकर समस्या का त्वरित निदान भी कर दिया.
गांव वालों द्वारा पानी एवं गांव में बिजली की समस्या जिसमें बिजली विभाग के द्वारा अनियमित बिल प्रदान करना था जिसे काफी गंभीरता से लेते हुए बिजली विभाग के एसडीओ को जिला उपायुक्त ने डांट पिलाई और आगे से सही बिल भेजने के लिए चेतावनी भी दी. वही आम ग्रामीण के शिकायत पर राशन दुकानदार द्वारा किए जा रहे घालमेल पर भी तुरंत कार्रवाई करते हुए स्थानीय राशन डीलर रामू हांसदा को तत्क्षण निलंबित भी कर दिया. ऐसे मामले जो वन विभाग के अंतर्गत आते हैं उस पर भी संज्ञान लेते हुए तुरंत कार्रवाई करने की बातें उपायुक्त ने की एवं सामने स्थित आधुनिक इंडस्ट्रीज पर भी जांच करने के लिए एसडीओ को आदेश दे डाला. ऐसे भी क्षेत्र थे जहां अभी तक बिजली नहीं पहुंची है उस पर भी संज्ञान लेते हुए उपायुक्त ने तुरंत कार्रवाई करने का आदेश दिया. और शुद्ध पेयजल के लिए 10 करोड़ का फंड आवंटित कर एक योजना भी पारित की. फिलहाल जनता दरबार में सभी चीजें जनता के हक में ही दिखाई दी अब इस पर अमल कितना होता है इसकी जानकारी कुछ दिनों के बाद ही आम लोगों तक पहुंचेगी परिणाम जो भी हो सरकार के द्वारा उठाए गए इस तरह के कदम से आम लोगों में काफी उत्साह देखा गया.






