रामगोपाल जेना/चक्रधरपुर : चक्रधरपुर में लट्टू उरांव कल्याण समिति द्वारा दुर्गापूजा के अवसर पर जनजातीय महोत्सव का आयोजन किया जाएगा. इसमें विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें विधानसभा क्षेत्र स्तरीय छऊ नृत्य प्रतियोगिता भी शामिल होगी. दुर्गापूजा के अवसर पर आयोजित होनेवाले जनजातीय महोत्सव को लेकर शनिवार को आयोजित एक महत्वपूर्ण बैठक में विधायक सह लट्टू उरांव कल्याण समिति के संरक्षक सुखराम उरांव के साथ ही संचालन समिति एवं छऊ नृत्य समिति के सदस्य और पदाधिकारी भी उपस्थित रहे. (नीचे भी पढ़ें)

इस अवसर पर समिति के संरक्षक विधायक सुखराम उरांव, विधायक प्रतिनिधि पीरू हेंब्रम मिथुन गगराई, जिला पार्षद मीना जोंकों, सेलाई मुंडा, सोमनाथ. प्रमुख ज्योति सीजुई, उप प्रमुख विनय प्रधान, झामुमो नेता अमर बोदरा, मुखिया मेलानी बोदरा, पिंकी जोंको, मंजुश्री सुनील लागुरी, झामुमो नेता शिवशंकर महतो, रंजीत मंडल, पहलवान महतो, दुम्बी सुरीन,मनोज डांगिल, भीमसेन केराई, सुनील लागुरी समेत कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे. (नीचे भी पढ़ें)
बैठक की अध्यक्षता करते हुए विधायक सुखराम उरांव ने कहा कि लोक नृत्य भारतीय संस्कृति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो विभिन्न राज्यों और समुदायों की परंपराओं और रीति-रिवाजों को प्रदर्शित करता है. यह नृत्य अक्सर त्योहारों, समारोहों और अन्य अवसरों पर प्रस्तुत किया जाता है. उन्होंने यह भी कहा कि भारत में विभिन्न प्रकार के लोक नृत्य हैं, जो राज्यों और समुदायों की संस्कृति को दर्शाते हैं. लोक नृत्य पारंपरिक रूप से पीढ़ियों से चले आ रहे हैं और अक्सर मौखिक परंपरा के माध्यम से सिखाए जाते हैं. (नीचे भी पढ़ें)
लोक नृत्य सांस्कृतिक पहचान और विरासत का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो समुदाय की एकता और संस्कृति को प्रदर्शित करता है. इसी तरह विधायक सुखराम उरांव ने छऊ नृत्य के संबंध में लेकर कहा कि छऊ नृत्य एक पारंपरिक भारतीय लोक नृत्य है, जो पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा की सांस्कृतिक धरोहर को प्रदर्शित करती है. यह नृत्य अपनी अनोखी शैली और भावपूर्ण प्रस्तुति के लिए जाना जाता है.



