रामगोपाल जेना,चाईबासा: चाईबासा नो इंट्री आंदोलन समिति के संयोजक रमेश बालमुचू ने कहा कि आखिर किसके इसारे से नो इंट्री नहीं लगाया जा रहा है और लोगों को मौत के मुंह में धकेला जा रहा है. इसकी खुलासा जल्द ही किया जाएगा. दिन में भी नो इंट्री से किसको फायदा पहुंचाने के लिए नहीं लगाया जा रहा है यह जनता के समक्ष लाया जाएगा. श्री बालमुचू ने बताया कि चाईबासा शहर के एमडीआर 177 बाईपास सड़क पर नो इंट्री लगाने के लिए वह हर कदम उठाया जाएगा जो जनता के हित में होगा. इस न्याय यात्रा में कई सारे एैसे भी पहलु हैं जिसे यात्रा के अंतिम दिन रांची में सरकार के समक्ष लाया जाएगा.
जानकारी हो कि नो इंट्री की मांग को लेकर चल रहे न्याय पद यात्रा 43 डिग्री तापमान में खूंटी जिला में मंगलवार शाम को प्रवेश किया. पद यात्रा मंगलवार को दूसरे दिन चाकी गांव से शुरू हुई थी. जो कि शाम को खूंटी जिला के बिंदा गांव में रात्रि विश्राम किया. जानकारी हो कि चाईबासा के बार्इपास सड़क पर नो एंट्री लागू करने की मांग पर आंदोलन और तेज हो गई है. रविवार को चाईबासा से कड़ी धूप के बीच निकली न्याय यात्रा लगातार जारी रही. (नीचे भी पढ़े)

सोमवार की रात्री को चाकी गांव में पदयात्रा रात में पेड़ के नीचे रात गुजारे. वे सिस्टम से लडाई लड रहे है दूसरी ओर रात को मच्छरों से भी लड़े. वे अपने भोजन की व्यवस्था असुविधाओं के बीच यहां-वहां रहते रहे. सोने के लिए कभी किसी के घर का बरमदा का उपयोग करते तो कभी पेड़ नीचे सोते.मंगलवार को नो एंट्री की मांग को लेकर निकले पदयात्री सुबह चाकी गांव में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा को नमन कर रांची की ओर प्रस्थान किया. फिर हिरनी फॉल के समक्ष नाश्ता कर चिलचिलाती 43 डिग्री तापमान में अपने मकसद के लिए आगे बढ़ते निकले. थकान दूर करने के लिए ग्राम जलमय में रोड किनारे पेड़ के नीचे विश्राम किया और शाम को अपने मकसद के लिए आगे बढ़ते चले गए. इसी दौरान बहुत सारे राह चलते लोगों ने हौसला बढ़ाने को कार्य किया. और लोगों को अलग अलग तरह से प्रोत्साहित किया. मंगलवार की रात्रि विश्राम बिंदा गांव में होगी. जहां से वे बुधवार सुबह को आगे के लिए प्रस्थान करेगें.पद यात्रियों नो एंट्री अधिवक्ता सह कोषाध्यक्ष महेंद्र जामुदा , रियांश समाड , साधु बानरा , वीर सिंह बालमुचू ,सन्नी संदीप देवगम ,रोबिन आल्डा, उषा रानी सवैया ,सुमी लगुरी ,तुलसी पूर्ति, आशा होनहागा , अविनाशी होनहागा,गुरा सिंकू,प्यारेलाल तामसोय,सोहन सिंह देवगम, प्रकाश तांती, निर्मल सिंकू, विक्रम तमसोय, दुर्गा सिंकू, मोरन सिंह गागराई, राज तमाडिया, रितेश बालमुचू, सत्यजीत हेंब्रम, नदीम शेख, रोबिन देवगम सहित सैकड़ो लोग शामिल हैं.



