
चाईबासा : शुक्रवार को जिला समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में उपायुक्त अरवा राजकमल की अध्यक्षता में एक्सिक्यूटिव कमेटी की बैठक हुई। बैठक में पुलिस अधीक्षक इंद्रजीत महाथा, उप विकास आयुक्त आदित्य रंजन तथा अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में सभी कार्यकारी एजेंसियों के कार्यों की समीक्षा की गयी।
डीडब्ल्यूएसडी के द्वारा किए जा रहे कार्य की समीक्षा की गई। सोलर आधारित लघु जलापूर्ति योजना के तहत 1200 नई स्कीम पारित की गई जिसमें धीमी गति से कार्य होने के कारण कार्य में प्रगति हेतु संबंधित इंजीनियर को शीघ्र कार्य खत्म करने हेतु निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने बताया कि डीएमएफटी के तहत बृहद जलापूर्ति योजना के तहत जिला की पहली योजना जैंतगढ़ में बनायी जा रही है जिसका शुभारंभ मुख्यमंत्री के द्वारा किया जाएगा। बृहद जलापूर्ति योजना कार्य में भी तेजी लाने हेतु निर्देश उपायुक्त द्वारा दिया गया।
झालको को कुल राशि के तहत 2.8 फ़ीसदी कार्य दिया गया है। जिसमें दिए गए 93 कार्य में 69 भौतिक रूप से पूर्ण हो चुके हैं। भौतिक सत्यापन संबंधित इंजीनियर के माध्यम से कराया जा चुका है। 24 कार्य में से 2 में कार्य असंतोषजनक है तथा शेष 22 में कार्य संतोषजनक देखा जा रहा है। दी गई राशि से अधिक कार्य हुआ है परंतु कार्य पूर्ण होने के पश्चात ही शेष राशि देने का निर्णय लिया गया है। साथ ही डीएमएफटी के तहत क्या-क्या योजना लेनी है इस पर भी चर्चा की गई। अखबारों के माध्यम से बड़ाजामदा में रोड की समस्या उभर कर आई थी, जिस पर रोड बनाने हेतु योजना पारित कर दी गई।
सभी सरकारी कार्यालय जहां बिजली की समस्या है खासकर अस्पताल, सभी सीएससी, डिस्ट्रिक्ट हॉस्पिटल, सदर हॉस्पिटल, अनुमंडल अस्पताल में सोलर लाइट की व्यवस्था करने हेतु डीएमएफटी के तहत योजना पारित की गई।
उपायुक्त अरवा राजकमल ने जानकारी दी कि राशि के हिसाब से अभी तक 850 करोड़ की योजना पारित कर दी गई है तथा शेष 90 करोड़ राशि है। राशि संबंधित विभाग को स्वीकृत कर दी गई है।
जिला स्तर पर प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट, डीएमएफटी से संबंधित रिपोर्ट ऑनलाइन करना तथा अन्य कार्यों के बारे में भी सोशल मीडिया के माध्यम से ससमय देना क्योंकि जानकारी के अभाव में गतिशील विकास में प्रभाव पड़ता है। इसके लिए पीएमयू का गठन करने का विचार एक्सिक्यूटिव कमेटी के मेंबरान के द्वारा लिया गया। सरकारी कार्यालय जहां आम जनता का आना जाना अधिक रहता है,जैसे कि अस्पताल, पुलिस स्टेशन, प्रखंड कार्यालय वहां आम जनता की सुरक्षा हेतु तड़ित चालक लगाने का निर्णय कमेटी के माध्यम से लिया गया।



