
जमशेदपुर : टाटा स्टील की शत-प्रतिशत सब्सिडियरी वाली कंपनी आइएसडब्ल्यूपी (तार कंपनी) यूनियन का चुनावी सरगर्मी तेज हो चुकी है. जहां यूनियन के पूर्व महामंत्री आशीष अधिकारी ने चुनाव की मांग को लेकर अध्यक्ष राकेश्वर पांडेय से मुलाकात की, वहीं सत्ताधारी और वर्तमान महामंत्री पंकज कुमार सिंह और डिप्टी प्रेसिडेंट श्रीकांत सिंह ने संयुक्त रुप से बयान जारी कर विरोध में बयान जारी किया है. पंकज सिंह और श्रीकांत सिंह ने कहा है कि इधर कुछ दिनों से भूतपूर्व महामंत्री द्वारा चुनाव का जो विधवा विलाप किया जा रहा है. विगत 15 साल में जितने भी चुनाव हुए है उनमें कोई भी चुनाव 3 साल में नही हुआ है. इनका भी 3 चुनाव 3 साल बीतने के बाद ही हुआ है, लेकिन इस बार जब इनकी नौकरी 2 साल बचा है तो सविंधान विशेषज्ञ बन बैठे है. हक़ीकत तो यह है कि टाटा पिगमेंट के चुनाव पर प्रशासन द्वारा रोक के कारण हम लोग सितंबर महीने में ही प्रशासन से संपर्क किये थे और क्या निर्देश है उसकी जानकारी बहुत जल्द उपलब्ध करा दी जाएगी. श्रीकांत सिंह और पंकज सिंह ने कहा है कि हम लोग के भी लगभग 20 मेंबर को ये यूनियन की मेम्बरशिप नही दिए थे, जिसका प्रमाण हम लोग के पास है और सही समय पर और सही फोरम पर माकूल जबाब दिया जाएगा. अभी विगत 2 साल से पूरी दुनिया कोरोना से ग्रसित है और झारखंड में अभी भी कोविड एक्ट लागू है और अभी हम लोग इ-सीरीज के मित्रो की ग्रेड कैसे बेहतर से बेहतर हो, उस पर ध्यान केंद्रित किये है, लेकिन यूनियन के पास पूर्व महामंत्री, जो इंसटालमेन्ट में और 5 साल से 6 साल का ग्रेड किये थे, जिसके कारण मजदूरों ने उन्हें बाहर का रास्ता दिखा दिया था तो ना जाने किसके इशारे पर यूनियन इनके किसी दबाब में नही आने वाली नही है. इन लोगों ने कहा कि जिस तरह बोनस का विस्फोट किया गया, उसी के तरह अपने इ-सीरीज के साथियो का ऐतिहासिक ग्रेड होगा और चुनाव भी होगा.



