
चाईबासा : एक ओर जहां देश भर में कोरोना वायरस जैसी महामारी से निपटने के जिला व पुलिस प्रशासन दिन-रात लोगों की सुरक्षा में जुटे है, वहीं तालाबंदी के दौरान कोल्हान के पश्चिमी सिंहभूम जिले के आनंदपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत हरता पंचायत के गुंडरी गांव के ग्रामीण मुंडा नमन बुढ़ की बीती रात पीएलएफआई उग्रवादियों ने धारदार हथियार से गर्दन काट हत्या कर दी। ग्रामीण मुंडा की हत्या के बाद से क्षेत्र में दहशत का माहौल व्याप्त है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। इधर कयास लगाया जा रहा है पीएलएफआई उग्रवादी सदस्यों द्वारा घटना को अंजाम दिया गया है। हलांकि अभी स्पष्ट नहीं हुई की नक्सली या फिर पीएलएफआई का हाथ है।
ज्ञात हो की आनंदपुर थाना इलाके के हरता पंचायत के गुंडरी गांव में मुंडा नयन बूढ़ की शुक्रवार की रात हत्या कर दी गई. यह घटना बीती रात लगभग 10 बजे की बतायी जाती है। जानकारी के अनुसार ग्रामीण मुंडा की हत्या अज्ञात अपराधियों द्वारा की गयी। सूचना मिलते ही पुलिस की टीम घटनास्थल के लिए रवाना हो गयी। ग्रामीण मुंडा की हत्या मुंडा के घर से लगभग 200 मीटर दूर खेत में ले जाकर की गयी। घटनास्थल पर नक्सलियों ने पर्चा भी फेंका है। जिसमें मुंडा नमन बुढ़ पर पार्टी विरोधी काम करने और पुलिस के लिए मुखबीरी करने तथा पुलिस का दलाल और एसपीओ होने का आरोप लगाया गया है। नक्सलियों ने मुंडा की गर्दन काट कर निर्मम हत्या उसके परिवार वालों के सामने ही कर दी।
इधर हत्या की घटना की सूचना मिलने पर शनिवार को दोपहर 12 बजे पुलिस निरीक्षक सह आनन्दपुर थाना प्रभारी और सीआरपीएफ के सहायक समादेष्टा सुरेंद्र कुमार की अगुआई में पुलिस और सीआरपीएफ के जवान घटनास्थल गुंडरी पहुंचे। मुंडा नमन बुढ़ के शव को अपने कब्जे में लिया। वहीं मृतक ग्रामीण मुण्डा के परिजन से पूछताछ कर कार्रवाई में जुट गई। पुलिस ने घटनास्थल से नक्सलियों के फेंके गए पर्चे को भी जब्त कर लिया है। मृतक के परिजन विकास बुढ़ ने बताया कि बीते रात लगभग 9:30 बजे लगभग 6 की संख्या में हथियार बंद लोग आए थे। उनमें से एक उसके पिता नमन बुढ़ को घर से बुलाकर अपने साथ ले गया। थोड़ी देर बाद चिल्लाने की आवाज सुन कर हम परिवार वाले घर से बाहर निकले, तो देखा कि नमन बुढ़ खेत मे पड़े हुए थे।







