
चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के विभिन्न थाना अंतर्गत बालू घाटों पर माफियाओं द्वारा धड़ले से अवैध रूप से उत्खन्न कर बाजार में पौने पौने दामों में बेच कर अपनी जेबे भरने में लगें है. सरकार की महत्वपूर्ण योजनाएं सड़क, पीएम आवास आदि बालू के अभाव में प्रभावित हो रही है. इसके अलावा अवैध बालू ढुलाई की शिकायतें मिल रही थी. इन सब मामलों को देखते हुए जिला खनन पदाधिकारी संजीव कुमार और जगन्नाथपुर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी प्रदीप उरांव के संयुक्त रुप से जैतगढ़ के बालू घाटों में माफियाओं के खिलाफ अभियान चलाया. जिसमें बिना नंबर का बालू लदा ट्रैक्टर को जब्त किया. वहीं तुर्ली कांगिर नदी घाट में बालू लोड कर रहे दो जेसीबी को जब्त किया गया. एक बालू लदा ट्रैक्टर चालक दल को देख कर ओड़िसा की ओर भाग गया. जबकि दूसरा लोडिंग के लिए तैयार ट्रैक्टर को छापामारी दल ने जब्त किया. दोनों जेसीबी और ट्रैक्टर को पुलिस लेकर जैतगढ़ ओपी लाया गया. तुर्ली बालू घाट झारखंड-ओड़िसा की सीमा पर है. प्रथम दृष्टया में दोनों लोडर मशीन और ट्रैक्टर झारखंड सीमा में बालू उत्खनन कर रहे थे. इस कार्रवाई के बाद बालू माफियाओं में हड़कंप मच गया. अक्सर ओडिशा के बालू लीज धारकों पर झारखंड में घुसकर अवैध बालू उत्खनन करने का आरोप लगता आया है. नियमानुसार बालू घाटों में मजदुरों को रोजगार देने के उद्देश्य से कोई भी सरकार मजदूरों से बालू ढुलाई का काम करवाती ताकि मजदूरों को रोजगार मिल सके. लेकिन नियम को ताख पर रख कर मशीन के द्वारा कार्य कराया जाता है.






