जमशेदपुर : ईद के चांद को लेकर एदार ए शरीया बिहार-झारखंड के सदस्यों की वर्चुअल मीटिंग हुई. इसमें बताया गया कि एदार-ए-शरीया ही चांद को लेकर फाइनल घोषणा करेगा. इसको लेकर लोगों से सब्र रखने की अपील की गयी. एदार-ए-शरीया के राष्ट्रीय अध्यक्ष पुर्व सांसद मौलाना गुलाम रसुल बलयावी ने कहा है कि 21 अप्रैल को जुमा रमजानुल मुबारक की 29 तारीख है, जिसमें ईद उल फित्र का चांद नजर आने की उम्मीद है. 29 का चांद को लेकर हमेशा असमंजस की स्थिति पैदा हो जाती है और अफवाहों का बाजार भी गर्म हो जाता है. (नीचे भी पढ़ें)
इसको देखते हुए एदार-ए-शरीया ने बड़े पैमाने पर चांद देखने का केंद्र बनाया है. बिहार में 100 से ज्यादा जबकि झारखंड में 65 जगहों पर हेलाल केंद्र स्थापित करने की मंजूरी दी गई. 29 रमजान की शाम के चांद होने या ना होने पर शरीयत की रोशनी में काजीयाने शरीयत दारुल कजा एदार ए शरीया बिहार-झारखंड के जो फैसले होंगे वह अंतिम होगा और उसी पर अमल किया जाएगा. एदार-ए-शरीया ने मुस्लिम समुदाय के तमाम व्यक्तियों से कहा है कि 29 रमजान को किसी भी अफवाह पर ध्यान ना दें बल्कि एदार-ए-शरीया के फैसले का इंतजार करें. उन्होंने बताया कि इसके अलावा इसी तरह बंगाल, ओड़िशा, राजस्थान, गुजरात, छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, लखनऊ, बनारस, मुम्बई, बेंगलुरु, आसाम, त्रिपुरा, दिल्ली समेत कई राज्यों के स्टेट एदार-ए-शरिया को भी यही गाइडलाइन दी गई. वर्चुअल बैठक में फैसला लिया गया. बैठक में एदार ए शरीया झारखंड के नाजिमे आला मौलाना कुतुबुद्दीन रिजवी समेत बिहार झारखंड के सभी पदाधिकारी गण उपस्थित थे.





