जमशेदपुर : जमशेदपुर में बढ़ती आपराधिक घटनाओं, नशाखोरी, चौराहों पर अड्डेबाजी एवं महिलाओं से चेन स्नैचिंग के विरोध में मंगलवार को संयुक्त युवा संघ के प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी को ज्ञापन सौंपा है. इस मामले में प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि पिछले कुछ समय से जमशेदपुर की स्थिति चिंताजनक हो चुकी है. आम नागरिक, विशेषकर महिलाएं और बजुर्ग पूरी तरह से खौफ और असुरक्षा के साए में जीने को मजबूर है. आए दिन चेन स्नैचिंग, मोबाइल छिनतई और राहजनी की घटनाएं आम हो चुकी है. इन बढ़ती आपराधिक घटनाओं की मुख्य वजह शहर के युवाओं में तेजी में बढ़ती नशाखोरी और चौक – चौराहों और पार्कों के बाहर व सुनसान गलियों में होने वाली अड्डेबाजी है. विभिन्न मुहल्लों और व्यावसायिक क्षेत्रों के मोड़ों पर सुबह से लेकर देर रात तक असामाजिक तत्वों और नशेड़ियों का जमावड़ा लगा रहता है. (नीचे भी पढ़ें)
ये अड्डेबाज वहां से गुजरने वाले लोगों को निशाना बनाते है और नशे के लिए लूटपात और चेन स्नैचिंग जैसी वारदातों को अंजाम देते है. इनके बीच पुलिस या कानून का डर नहीं रहा. इसके लिए स्थानीय थानों का रवैया इन अड्डों और नशाखोरों के खिलाफ बेहद सुस्त और निराशाजनक रहा है, जिसके कारण इन अपराधियों का हौसले बुलंद है. इस मामले में संयुक्त युवा संघ प्रशासन से ठोस कदम उठाने की मांग की है. उन्होंने अड्डेबाजी पर पूर्व तरह रोक लगाने और पेट्रोलिंग बढ़ाने, ड्रग माफिया और नशीली दवाएं बेचने वालों को चिह्नित कर जेल भेजने, सादे लिबास में महिला व पुरुष कर्मियों को मुस्तैद करने, सघन जांच अभियान चलाने की मांग की गयी है, ताकि बिना नंबर प्लेट वाले फर्जी नंबर या तीव्र गति से चलने वाले संदिग्धों को पकड़ने की मांग की गयी है. (नीचे भी पढ़ें)
संगठन ने पुलिस प्रशासन को 7 दिनों का अल्टीमेटम सौंपा है. यदि 7 दिनों के भीतर जमशेदपुर की सड़कों पर पुलिस की मुस्तैदी, नशाखोरी पर कार्रवाई और सुरक्षा के पख्ता इंतजाम नजर नहीं आये तो वे उग्र आंदोलन कर थाने का घेराव करेंगे और इसकी जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन की होगी.







