जमशेदपुर : विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर)-2026 के तहत मतदाता सूची से संबंधित कार्यों के सफल संचालन एवं बीएलओ तथा बीएलओ पर्यवेक्षकों को आवश्यक प्रक्रियाओं की जानकारी देने के उद्देश्य से जमशेदपुर के साकची रवींद्र भवन ऑडिटोरियम में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त राजीव रंजन शामिल हुए. प्रशिक्षण कार्यक्रम दो सत्रों में आयोजित किया गया. पहले सत्र में 11 से 01 बजे तक ग्रामीण विधानसभा क्षेत्रों तथा दूसरे सत्र में अपराह्न 02 से 04 बजे जमशेदपुर शहरी विधानसभा क्षेत्रों के बीएलओ एवं बीएलओ पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया. प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि एसआइआर-2026 के तहत 05 अगस्त 2026 से 04 सितंबर 2026 तक दावा एवं आपत्ति दर्ज करने की अवधि निर्धारित है. इस अवधि में नागरिक मतदाता सूची में अपने नाम, विवरण अथवा अन्य किसी प्रकार की त्रुटि से संबंधित दावा एवं आपत्ति निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रस्तुत कर सकते हैं. वहीं निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 05 अगस्त 2026 से 03 अक्टूबर 2026 तक नोटिस चरण के अंतर्गत दावा एवं आपत्तियों के निष्पादन की अवधि निर्धारित की गई है. जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त ने सभी बीएलओ एवं बीएलओ पर्यवेक्षकों से कहा कि एसआईआर का कार्य मतदाता सूची को त्रुटिरहित एवं समावेशी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण है इसलिए क्षेत्रीय स्तर पर प्रत्येक पात्र नागरिक तक पहुंच सुनिश्चित करते हुए कार्यों का समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से निष्पादन करें. (नीचे भी पढ़े)

जिला प्रशासन ने जिले के नागरिकों से अपील की है कि वे अपने एवं अपने परिवार के सभी पात्र सदस्यों के नाम मतदाता सूची में दर्ज होने की जांच करें. नाम दर्ज नहीं होने, विवरण में त्रुटि अथवा किसी अन्य प्रकार की आपत्ति की स्थिति में निर्धारित अवधि के भीतर संबंधित दावा अथवा आपत्ति प्रस्तुत करें. प्रशिक्षण के दौरान एसआईआर-2026 के तहत निर्धारित गतिविधियों, क्षेत्रीय स्तर पर किए जाने वाले कार्यों तथा मतदाता सूची से संबंधित दावा एवं आपत्ति की प्रक्रिया के संबंध में विस्तार से जानकारी दी गई. जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त ने निर्देश दिया कि बीएलओ अपने-अपने मतदान क्षेत्र का नजरी नक्शा तैयार कर उसके अनुरूप क्षेत्र में भ्रमण करें। नजरी नक्शा के आधार पर फैमिली ग्रुपिंग करते हुए परिवारवार विवरण को व्यवस्थित रूप से संधारित किया जाए तथा प्रत्येक मकान का वास्तविक अथवा नोशनल हाउस नंबर अंकित किया जाए. उन्होंने कहा कि क्षेत्र भ्रमण के दौरान मतदान क्षेत्र के प्रत्येक घर एवं परिवार तक पहुंच सुनिश्चित करते हुए सभी पात्र भारतीय नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल कराने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाए. उन्होंने बीएलओ को निर्देशित किया कि वे अपने मतदान क्षेत्र में सक्रिय रूप से भ्रमण करते हुए नागरिकों से संपर्क स्थापित करें तथा मतदाता सूची से संबंधित आवश्यक प्रपत्र प्राप्त करने एवं दावा-आपत्ति की प्रक्रिया में नागरिकों को सहयोग प्रदान करें. साथ ही, बीएलओ पर्यवेक्षकों को अपने अधीनस्थ बीएलओ के कार्यों की नियमित निगरानी करते हुए आवश्यक मार्गदर्शन एवं सहयोग उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया.




