
जमशेदपुर : जमशेदपुर के कदमा थाना अंतर्गत कदमा गणेश पूजा मैदान में जमशेदपुर के शहीद सांसद सुनील महतो की प्रतिमा लगाने को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस के साथ हुई बकझक और धक्का मुक्की के मामले में चाईबासा के एमपी एमएलए कोर्ट ने फैसला सुनाया. इस मामले के आरोपी जमशेदपुर के भाजपा सांसद विद्युत वरण महतो (उस वक्त झामुमो में थे), पूर्व सांसद और झामुमो की केंद्रीय नेता सुमन महतो (स्वर्गीय शहीद सुनील महतो की पत्नी), झामुमो के जमशेदपुर जिला अध्यक्ष सह घाटशिला से विधायक रामदास सोरेन, झामुमो नेता गणेश चौधरी, भाजपा नेता रमेश हांसदा (उस वक्त झामुमो में थे), प्रणव महतो, श्यामल सरकार, अजय रजक, कमलेश सिंह, आदित्य प्रधान, झरना पाल, नीता सरकार, शीला देवी को चाईबासा के राजनीतिज्ञों और सांसदों और विधायकों के लिए स्थापित किये गये विशेष अदालत ने साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. इसके अलावा चाईबासा कोर्ट में जमशेदपुर जेल में हत्या के मामले में बंद नीरज सिंह की भी पेशी हुई. उनको भी कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया.
क्या है यह मामला :
जमशेदपुर में नक्सलियों के हमले में मारे गये सांसद सुनील महतो की प्रतिमा कदमा के गणेश पूजा मैदान में लगाने को लेकर विवाद हो गया था. यह मामला 2008 का है. इस मामले में जिला पुलिस और प्रशासन के साथ झामुमो के नेताओं की जमकर बहस हो गयी थी. इस दौरान मारपीट की स्थिति हो गयी थी. प्रशासन से झामुमो नेता उलझ गयी थी. उस वक्त जमशेदपुर की सांसद सुमन महतो हुआ करती थी जबकि झामुमो की ही सरकार थी. इस वक्त भाजपा में वर्तमान सांसद विद्युत वरण महतो झामुमो के कद्दावर नेता होते थे. इन सारे लोगों के अलावा कुल 18 लोगों के खिलाफ एफआइआर दायर किया गया था. इस मामले में 17 लोग कोर्ट में सशरीर हाजिर हुए, लेकिन एक जेल से ही ऑनलाइन हाजिर हुए, जिसके बाद सारे लोगों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया. इस घटना के मामले में उस वक्त के डीसी और एसपी समेत कदमा थाना प्रभारी, एसडीओ समेत तमाम अधिकारियों को एक साथ सस्पेंड कर दिया गया था और नये पदाधिकारियों को हटा दिया गया था.
आज तक लगा हुआ है निषेधाज्ञा
जमशेदपुर के कदमा थाना क्षेत्र स्थित गणेश पूजा मैदान में 2008 से लेकर आज तक यानी करीब 19 साल के बाद भी उस क्षेत्र में एसडीओ द्वारा निषेधाज्ञा लगायी गयी है. लगातार वहां निषेधाज्ञा लागू की जा रही है. हर साल इसको लेकर नवीकरण किया जाता है. प्रशासन और टाटा स्टील को वहां पूर्व सांसद शहीद सुनील महतो की प्रतिमा लगाने का विरोध कर चुकी है.
झामुमो के नेताओं का जुटान, भाजपा में गये लोगों के साथ हुई भूली बिसरी याद
चाईबासा के एमपी एमएलए कोर्ट में हुई सुनवाई के दौरान झामुमो के नेताओं का जुटान हुआ. इस सुनवाई के दौरान सारे नेतागण जुटे थे. वैसे लोग भी जुटे, जो भाजपा में चले गये है. जमशेदपुर के सांसद विद्युत वरण महतो भी साथ में ही झामुमो नेताओं के साथ रहे. इस दौरान विद्युत वरण महतो ने एक दूसरे नेताओं के साथ आराम से मिले और फिर एक दूसरे के साथ गपशप कर बीते हुए दिनों को याद किया.






