
जमशेदपुर : जमशेदपुर पुलिस ने गैंगस्टर अखिलेश सिंह के गिरोह के सदस्यों पर फायरिंग करने के मामले में बड़ी सफलता हासिल की है. पुलिस ने छह लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. शुक्रवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया. सभी छह आरोपियों के पास से हथियार की बरामदगी नहीं दिखायी गयी है, लेकिन खोखा जरूर बरामद हुआ है जबकि पुलिस ने कांड में इस्तेमाल में लाये गये गाड़ियों को भी जब्त कर लिया है. पकड़े गये लोगों में बिहार के बक्सर जिले के रहने वाले राकेश कुमार राय उर्फ कल्लू राय, बक्सर के ही रहने वाले अजय राय उर्फ अप्पू, बिहार के भोजपुर जिले का रहने वाला नारायण ठाकुर, बक्सर का रहने वाला पंकज दुबे, टेल्को आजाद बस्ती गुरुद्वारा रोड का रहने वाला गुरुदयाल सिंह उर्फ राजा सिंह और बक्सर का रहने वाला अनुराग कुमार गौतम शामिल है.

इस कांड में आरोपी सुधीर दुबे, राजीव राम और अ़्य की गिरफ्तारी अब तक नहीं हो पायी है. जमशेदपुर पुलिस की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि सिटी एसपी के नेतृत्व में एक टीम ने इस पर काम किया. इस टीम द्वारा काफी तत्परता से कार्रवाई की गयी और 24 घंटे के अंदर ही इस कांड का उदभेदन करते हुए घटना मेंशामिल अपराधियों में से कुल छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया. घटना में प्रयुक्त दो स्कार्पियो, एक एक्सयूवी और एक मोटर साइकिल को भी बरामद किया गया है. दूसरी ओर, पुलिस ने राकेश राय उर्फ कल्लू राय के बयान पर एक और एफआइआर कंहैया सिंह और उसके सात घायलों के खिलाफ दायर किया है, जिसमें आर्म्स एक्ट समेत तमाम संज्ञेय धारा लगाया गया है. कंहैया सिंह और अन्य लोगों को भी अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद जेल जाना होगा.

घटना के पीछे क्या था कारण, पुलिस ने किया खुलासा, स्लैग रोड में भाड़े का मकान लेकर रह रहे थे सारे अपराधी
घटना के पीछे पुलिस के अनुसंधान के दौरान कल्लू राय और अन्य लोगों ने बताया कि वे लोग वैसे तो बक्सर का रहने वाले है, लेकिन वे लोग जमशेदपुर में ही रहने लगे थे. करीब एक माह से वे लोग सीतारामडेरा स्थित चंद्रा आवास फ्लैट में भाड़ा लेकर रह रहे थे जबकि कोवाली (पोटका) के पास स्थित सुधीर दुबे के क्रशर प्लांट में कामकाज भी संभाल रहे थे. व्यापारियों को धमकाकर क्रशर प्लांट से ही सारा कुछ चलाने का काम करते थे. इन लोगों ने बताया कि कंहैया सिंह समेत अन्य लोग उनके घर के पास आये और उनको बुलाया. जब वे लोग नीचे आये तो कंहैया सिंह और अन्य लोगों ने ही उनके ऊपर फायरिंग करनी चाही, लेकिन चूंकि वे लोग पूरी तरह सतर्क थे, इस कारण वे लोग गोलियां कंहैया सिंह पर चला दी, जिसके बाद सारे लोग भाग गये. गोली खाने वाले भी भाग गये जबकि कल्लू राय और सारे लोग गाड़ी लेकर भाग निकले. भागने के दौरान ही सारे लोग धालभूमगढ़ के पास चेकिंग के दौरान ही पकड़ लिये गये. पुलिस ने हथियार की जब्ती को नहीं दिखाया है.





