
चाकुलिया : चाकुलिया रेल भूमि पर बसे 55 परिवारों को रेलवे पदाधिकारियों ने नोटिस जारी कर 4 फरवरी तक रेलवे भूमि खाली करने का निर्देश दिया है. रेलवे द्वारा नोटिस मिलने के पश्चात वर्षों से रेल भूमि पर रह रहे 55 परिवारों और दुकानदारों के समक्ष जीवन बसर करने की समस्या उत्पन्न हो गई है. रेलवे भूमि पर वर्षों से रह रहे परिवारों के सदस्यों ने बहरागोड़ा के विधायक समीर महंती से मिलकर अपनी समस्याओं से अवगत कराकर विस्थापित भूमिहीन परिवारों और दुकानदारों को सरकारी भूमि पर बसाने की मांग की है. (नीचे भी पढ़ें)
लोगों ने कहा कि वे सभी वर्षों से रेलवे भूमि पर झोपड़ी निर्माण कर मेहनत मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते आ रहे हैं. लेकिन अब समस्या यह है कि सभी परिवार बेघर होकर खुले आसमान के नीचे आ जाएगें. जानकारी के अनुसार ग्रामीणों की मांग पर विधायक समीर माहंती ने पहल करते हुए नगर पंचायत के पार्षद मो गुलाब, देवानंद सिंह, विशाल बारिक और दुकानदार और विस्थापित परिवार के साथ नपं क्षेत्र में खाली पड़ी कई सरकारी भूमि का निरीक्षण किया, जिसमें स्वर्णरेखा प्रोजेक्ट की खाली जमीन पर विस्थापितों को बसाने का निर्णय लिया गया. साथ ही मांस, मछली, फल और सब्जी दुकानदारों को चाकुलिया लैम्प्स भवन के विपरीत खाली पड़ी भूमि पर बैठाने का निर्णय लिया गया है. विधायक जल्द ही सरकारी पदाधिकारी से मिलकर विस्थापित परिवार और दुकानदारों को सरकारी भूमि पर बसाने के मुद्दे पर बात कर बसाने की दिशा पर पहल करेंगे.




