
बहरागोड़ा : बहरागोड़ा प्रखंड के माटिहाना कुम्हार पाड़ा से सटे खाल किनारे स्थित जमीन पर कई किसानों ने गरमा धान की खेती की है. गांव के आस-पास के किसान आज भी जनप्रतिनिधि और पदाधिकारियों के उपेक्षा के कारण अपनी फसलों की सिंचाई पुरानी पद्धति के तौर पर डोना से पानी खेतों में डालकर फसल की सिंचाई कर रहे हैं. खाल के पानी को ग्रामीण बोरियों में बालू और मिट्टी भरकर डेम की तरह बांधकर रोजाना डोना से खेत की सिंचाई कर रहे हैं. किसानों ने कहा कि इस खाल में सालों भर पानी रहता है. (नीचे भी पढ़ें और देखें वीडियो)
खाल में अगर चेकडैम का निर्माण किया जाए तो क्षेत्र के किसानों को सालों भर सिंचाई के लिए पानी मिल पाएगा. किसानों ने कहा कि चेकडैम बनने से खाल किनारे कई एकड़ जमीन पर किसानों सालों भर खेती कर पाएंगे इससे क्षेत्र के लोगों का रोजगार भी बढ़ेगा. किसानों ने कहा कि यहां चेकडैम निर्माण कराने की दिशा में अबतक किसी भी जन प्रतिनिधि ने पहल नही किया है जिस कारण क्षेत्र के किसान आज भी अपनी फसल की सिंचाई पुरानी पद्धति को अपना कर डोना के माध्यम से सिंचाई करने के लिए मजबूर है.



