
जमशेदपुर : किन्नर ऐसे लोग है, जिनको समाज के लोग काफी हीन दृष्टि से देखते है या उनको चिढ़ाते है. किन्नरों को समाज के दिल में जगह देने की जरूरत है. अधिकार देने से काम नहीं चलेगा. यह बातें जमशेदपुर स्थित बिष्टुपुर वीमेंस कॉलेज में किन्नरों के अधिकार को लेकर आयोजित सेमिनार में सामने आयी.
जिला विधिक सेवा प्राधिकार जमशेदपुर कोर्ट की ओर से आयोजित इस सेमिनार में काफी संख्या में किन्नरों ने हिस्सा लिया. इस दौरान कॉलेज की छात्राओं को कहा गया कि किस तरह वे लोग भी समाज का ही हिस्सा है और उनको भी उनके साथ पढ़ने का अधिकार दिया जाना चाहिए.

अगर उनका मजाक उड़ाया जायेगा तो निश्चित तौर पर समस्या होगी और वे लोग पढ़ाई नहीं कर सकेंगे. इस दौरान किन्नरों ने अपना दर्द भी बयां किया, जिसमें अधिकांश की पढ़ाई सिर्फ इसलिए छूट गयी थी क्योंकि वह किन्नर है, यह पहचान हो गयी. इस मौके पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव नीतिश निलेश सांगा, अधिवक्ता मौसमी चौधरी समेत अन्य लोग मौजूद थे.



