सरायकेला: राजकीय चैत्र पर्व सह छऊ महोत्सव- 2025 के तहत राजकीय छऊ नृत्य कलाकेंद्र प्रेक्षागृह में मंगलवार को मानभूम शैली के छऊ नृत्य प्रतियोगिता का आयोजन किया गया गया,जिसमें भगवान बिरसा मुंडा छऊ नृत्य कला केंद्र गुंडा, आदिवासी मानभूम छऊ नृत्य कला केंद्र जामडीह, नाजरिया छऊ नृत्य कला केंद्र चुनचूड़ियां, आदिवासी कुर्मी छऊ नृत्य कला केंद्र चुनचूड़ियां, झारखंड विकास परिषद उदाटांड़, गिरिधर कला केंद्र चुनचूड़ियां, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ छऊ एंड फॉक डांस नीमडीह सहित कुल सात दल ने भाग लिया, जिसमें से निर्णायक मंडली के निर्णय को प्रखंड विकास पदाधिकारी यश्मिता सिंह ने सभी प्रतियोगी दलों के बीच प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय स्थान पाने वाले दलों के नामों की घोषणा की. (नीचे भी पढ़े)

प्रथम स्थान के रूप में झारखंड विकास परिषद उदाटांड़, द्वितीय स्थान आदिवासी कुर्मी छऊ नृत्य कला केंद्र चुनचुड़िया तथा तृतीय स्थान के रूप में गिरधर कलाकेंद्र चुनचुड़िया ने कब्जा जमाया. निर्णायक के रूप में गुरु तपन कुमार पटनायक, गुरु बृजेंद्र पटनायक, गुरु सुधांशु शेखर पानी, गुरु तरुण कुमार भोल, गुरु मनोरंजन साहू उपस्थित थे. कार्यक्रम से पूर्व अनुमंडल पदाधिकारी निवेदिता नियति , नुआगढ़ अखाड़ा के श्रीधर सिंहदेव, कला केंद्र के पूर्व सलाहकार सदस्य मनोज चौधरी एवं सभी निर्णायक मंडली ने द्वीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया. राजकीय छऊ नृत्य कला केंद्र के कलाकारों ने सभी अतिथियों को पुष्प गुच्छ देकर सम्मानित किया. उक्त अवसर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी यश्मिता सिंह ने सभी दलों के गुरुओं को अंगवस्त्र देकर स्वागत करते हुए कहा कि जो भी दल पुरस्कार से बाहर रहे उन्हें मन दुखी करने की जरूरत नहीं. सभी दल ने अच्छा प्रदर्शन किया. (नीचे भी पढ़े)
सभी ने अपने कला- संस्कृति को बचाकर रखा है ये बहुत बड़ी बात है, इसलिए निराश होने की जरूरत नहीं है. अपने टीम को और बेहतर बनाइए और अगले साल के लिए तैयार रखे. सफलता जरूर कदम चूमेगी. प्रतियोगिता में स्थान पाने वाले दल को कार्यक्रम के समापन समारोह में मुख्य मंच पर अतिथियों के कर कमलों द्वारा पुरस्कार दिया जाएगा. उक्त अवसर पर अंचल अधिकारी समेत भोला महांती, सुदीप कबी, रूपेश साहू, अमित साहू, कार्यालय कर्मी राजेश महापात्र, नाजिर कृष्णा सोय, आशीष कर, गजेंद्र महांती, पंकज साहू, अभिनाश कबी, गोपाल पटनायक, संतोष कर, निवारण महतो, असित पटनायक, राकेश कबी, घसीनाथ भोल, सिद्धू दरोगा, चंदन कबी सहित काफी संख्या में कलाकार उपस्थित थे.



