जमशेदपुर : श्रीनाथ विश्वविद्यालय ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते हुए भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय अंतर्गत नई दिल्ली स्थित उन्नत संगणन विकास केंद्र (सी-डैक) के साथ एक लेटर ऑफ इंटेंट पर हस्ताक्षर किए हैं. इस पहल के माध्यम से विश्वविद्यालय के बी.टेक., बीसीए एवं एमसीए के विद्यार्थियों को रोजगारोन्मुख एवं उद्योग-केंद्रित प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा. इस सहयोग के तहत विद्यार्थियों को भविष्य की उभरती प्रौद्योगिकियों में व्यावहारिक एवं विशेषज्ञ प्रशिक्षण प्राप्त होगा. प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूर्ण करने के बाद विद्यार्थियों को सी-डैक तथा नैसकॉम द्वारा संयुक्त रूप से प्रमाणपत्र प्रदान किए जाएंगे, जिससे उनकी रोजगार क्षमता और पेशेवर कौशल में उल्लेखनीय वृद्धि होगी. यह पहल विद्यार्थियों के लिए लाइव परियोजनाओं पर कार्य करने, इंटर्नशिप प्राप्त करने, उद्योग जगत के विशेषज्ञों से जुड़ने तथा बेहतर रोजगार अवसर हासिल करने का मार्ग प्रशस्त करेगी. (नीचे भी पढ़े)
साथ ही विश्वविद्यालय के शिक्षकों के लिए संकाय विकास कार्यक्रमों के अवसर भी उपलब्ध होंगे. एलओआई पर हस्ताक्षर डॉ. मैरी जैसिंथा, वैज्ञानिक-एफ एवं मुख्य अन्वेषक, सी-डैक फ्यूचरस्किल्स प्राइम तथा श्रीनाथ विश्वविद्यालय के वरिष्ठ निदेशक (प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट) एके शाही के द्वारा संयुक्त रूप से किया गया. इस अवसर पर डॉ. तुषार पटनायक, रेखा सारस्वत, विवेक आर्य एवं शिखा ढींगरा भी उपस्थित रहे. इस कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों को क्लाउड कंप्यूटिंग, बिग डेटा विश्लेषण, साइबर सुरक्षा, कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं मशीन लर्निंग, ब्लॉकचेन, रोबोटिक्स एवं स्वचालन, संवर्धित एवं आभासी वास्तविकता सहित दस उभरती प्रौद्योगिकियों में प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा. विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार यह सहयोग विद्यार्थियों को उद्योग की वर्तमान एवं भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल प्रदान करेगा तथा उनके लिए इंटर्नशिप, रोजगार और करियर विकास के नए अवसरों के द्वार खोलेगा. यह समझौता विश्वविद्यालय के तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है.







