जमशेदपुर : टाटा मोटर्स में हुए बोनस समझौता के साथ अस्थायी कर्मचारियों के स्थायीकरण के फैसले को अब धरातल पर उतारा जायेगा. टाटा मोटर्स जमशेदपुर प्लांट के अधीकृत यूनियन टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन ने जानकारी दी है कि स्थायीकरण की सूची को दिवाली के पहले प्रकाशित कर दी जायेगी. इसको लेकर बातचीत हुई है और संभावना है कि जल्द ही इसकी सूची को जारी कर दी जायेगी. वहीं, मेडिकल जांपच की तिथि भी प्रकाशित कर दी जायेगी. यह जानकारी दी गयी है कि जनवरी के पहले सप्ताह तक सारी प्रक्रिया को पूरी कर ली जायेगी. आपको बता दें कि टाटा मोटर्स के जमशेदपुर प्लांट में बोनस समझौता के साथ ही स्थायीकरण का भी समझौता हुआ था, जिसके तहत 200 से अधिक अस्थायी कर्मचारियों का स्थायीकरण किया जाना है. (नीचे देखे पूरी खबर)

सेवानिवृत कर्मचारियों को दी गयी विदाई
टाटा मोटर्स के जमशेदपुर प्लांट की अधीकृत यूनियन टाटा मोटर्स वर्कर्स यूनियन की ओर से सेवानिवृत कर्मचारियों को विदाई दी गयी. यूनियन आफिस के प्रांगण में विदाई समारोह का आयोजन किया गया. समारोह में उपस्थित 12 सेवानिवृत कमर्चारियों को अध्यक्ष गुरमीत सिंह तोते एवं महामंत्री आरके सिंह ने अंगवस्त्र ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह देकर स्वागत किया. सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने यूनियन नेतृत्व का बहुत आभार प्रकट करते हुए कहा कि आप सभी यूनियन के लोगों ने हम सभी को सम्मानित कर एक परिवार का एहसास दिलाया है, जो कि एक अच्छा अनुभव हम सब के लिए होगा. महामंत्री आरके सिंह ने कहा कि आप सभी हम सभी के प्रेरणास्रोत है. आप सब के सुझाव से ही हम सब आगे बढ़ रहे है. आप सभी को कभी भी हम सब की जरूरत पड़े तो हमेशा आपके साथ रहेंगे. आप सभी का अनुभव आगे भी हम सभी को सहयोग के रूप में मिलता रहे इसलिये आप सभी जब वक़्त मिले यूनियन आफिस आया कीजिये. अध्यक्ष गुरमीत सिंह तोते ने कहा कि आप सभी को देखकर नही लग रहा कि आप सभी सेवानिवृत हुए है. ऐसे ही सभी को स्वस्थ और खुश रहना चाहिए जैसा आप सबों के अंदर दिख रहा है. आप सभी ने जो योगदान दिया है उससे ही आज टाटा मोटर्स कंपनी सबसे आगे निकल गयी है. सेवानिवृत्त कर्मचारियों में शशिभूषण सिन्हा, पंकज कुमार मंडल, निबारण महतो, कृष्णा स्वर्णकार, अरुण कुमार सिंह, अय्यापिल्ला बालाजी कुमार, रमेश, प्रभात रंजन प्रसाद, नरेंद्र प्रसाद, शकुंतला मुखी, हरदेव प्रसाद, एके मंडल शामिल है. कार्यक्रम का संचालन नवीन कुमार और धन्यवाद ज्ञापन हरदीप सिंह सैनी ने किया.




