
जमशेदपुर : टाटा स्टील और कॉउंसिल ऑफ साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च (सीएसआईआर) ने कई प्रौद्योगिकी क्षेत्रों में रणनीतिक तकनीकी साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए एमओयू पर हस्ताक्षर किया. टाटा स्टील के एमडी टीवी नरेंद्रन और सहीएसआइआर के डायरेक्टर जेनरल डॉ शेखर सी मांडे की उपस्थिति में समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए. इस सहयोगात्मक मॉडल का उद्देश्य समाज, उद्योग और इनोवेशन इकोसिस्टम पर वैश्विक प्रभाव के साथ दुनिया में पहली तकनीक बनाना है. एमओयू हस्ताक्षर समारोह का आयोजन वर्चुअल रूप से किया गया था, जिसमें वाईस प्रेसिडेंट, टेक्नोलॉजी एंड न्यू मटेरियल बिज़नेस, टाटा स्टील के साथ टाटा स्टील के वरिष्ठ अधिकारीगण, राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला के निदेशक, और सीएसआईआर के अन्य निदेशकगण एवं प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों सहित सौ से ज्यादा लोग उपस्थित थे. टाटा स्टील के एमडी टीवी नरेंद्रन ने कहा कि टाटा स्टील का सीएसआईआर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ जुड़ाव पारस्परिक लक्ष्यों और पूरक क्षमताओं को देखते हुए एक लंबा सफर तय करने की दिशा में एक प्रयास है. टाटा स्टील प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में उद्योग में अग्रणी बनने और हरित भविष्य के सपने को साकार करने के साथ ही राष्ट्र निर्माण में योगदान करने के लिए मूल्य श्रृंखला में अवसरों पर गहन काम करना चाहती है. हम पारस्परिक लाभ और देश के लाभ के लिए सीएसआईआर के साथ मिलकर काम करने की आशा करते हैं. सीएसआईआर सरकार की एक प्रमुख सहयोगी संस्था है, जो औद्योगिक अनुसंधान में विविध दक्षताओं की पेशकश करती है. वहीं कुछ चुनिंदा परियोजना हैं, जो टाटा स्टील और सीएसआईआर की अलग-अलग संस्थाओं जैसे राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (एनएमएल) और सेंट्रल इलेक्ट्रो केमिकल रिसर्च इंस्टीट्यूटके साथ आपसी सहयोग पर आधारित है, जिसमें सहयोग मॉडल के माध्यम से सीएसआईआर संस्थानों की सम्मिलित दक्षताओं का बेहतर लाभ उठाने की संभावना निहित है. टाटा स्टील और सीएसआईआर, समझौते के इस आकर्षक अवसर का लाभ उठाने का प्रयास कर रहे हैं और विविध सफल तकनीकों को विकसित करने और लागू करने में सबसे आगे हैं. सीएसआइआर के डायरेक्टर जेनरल डॉ शेखर सी मांडे ने कहा कि सीएसआईआर भारतीय उद्योग के साथ और विशेष रूप से जेआरडी टाटा के समय से टाटा घराने के साथ एक बहुत मजबूत संबंध कायम रखे हुए है. आज, हम इस संबंध को और मजबूत होता हुआ देख रहे हैं, जो भविष्य में मानवता के सामने आने वाली समस्याओं को दूर करने की दिशा में संयुक्त प्रतिबद्धता के साथ हमारे विश्वास की पुष्टि करता है. टाटा स्टील हाइड्रोजन, कोटिंग्स, ऊर्जा और चिकित्सा सामग्री जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में अत्याधुनिक तकनीकों को विकसित और लागू करने के लिए सीएसआईआर के साथ इस सहयोग अवसर का लाभ उठाने की आकांक्षा रखती है. यह साझेदारी कंपनी को मटेरियल डोमेन में सस्टेनेबल ब्रेकथ्रू टेक्नोलॉजी की खोज को आगे बढ़ाने में मदद करेगी, विनिर्माण क्षेत्र में डिजिटलीकरण में तेजी लाएगी और सस्टेनेबल डीकार्बोनाइजेशन की दिशा में इस्पात उद्योग की परिवर्तन यात्रा का नेतृत्व करेगी.
क्या है सीएसआइआर और क्या करता है यह काम
कॉउंसिल ऑफ साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च (सीएसआइआर) की स्थापना 1942 में एक स्वायत्त सोसायटी के रूप में की गई थी, जिसके अध्यक्ष भारत के प्रधानमंत्री हैं. यह दुनिया के अग्रणी वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान संगठनों में से एक है. पिछले कई वर्षों में, इसने कई उद्योगों और स्थानीय राज्य सरकारों को अनुसंधान और विकास के माध्यम से अपने आर्थिक और पर्यावरणीय लाभों को बढ़ाने में मदद की है.






