
जमशेदपुर : टाटा स्टील में बुधवार को काम करने के दौरान हार्ट अटैक आने से फील्ड मेंटेनेंस मैकेनिकल डिपार्टमेंट के कमेटी मेंबर एस पुरुषोत्तम मणि के परिवार को नौकरी मिलेगी या नहीं, यह सबसे बड़ा सवाल अभी उठ खड़ा हुआ है. चूंकि, वे मजदूरों के हित का काम करते थे. मजदूरों की आवाज उठाते थे और वे काम के दौरान मरे है, इस कारण उनके परिवार को सारी सुविधा और नौकरी जरूर मिलनी चाहिए. ऐसा डिमांड शुक्रवार को टाटा वर्कर्स यूनियन में आयोजित शोकसभा में भी हुआ. इन लोगों ने कमेटी मेंबर की मौत पर शोक जताया. श्रद्धांजलि दी और एक मिनट का मौन रखकर अपनी ओर से श्रद्धांजलि अर्पित की और कमेटी मेंबर एस पुरुषोत्तम मणि को सच्चा मजदूर हितैषी कमेटी मेंबर बताया. इस दौरान कमेटी मेंबरों ने यहां मौजूद अध्यक्ष आर रवि प्रसाद, महामंत्री सतीश सिंह और डिप्टी प्रेसिडेंट अरविंद पांडेय समेत अन्य लोगों से यह मांग की कि मृतक कमेटी मेंबर को नौकरी दी जाये.

इन लोगों का कहना है कि वे कमेटी मेंबर है और उनको जरूर कंपनी की ओर से मानवता के नाते उनके परिवार को नौकरी दी जानी चाहिए. हालांकि, अध्यक्ष ने कहा कि नियमत: उनको नौकरी देने का कोई प्रावधान नहीं है क्योंकि अगर किसी कर्मचारी की किसी हादसे से मौत हो जाती है तो निश्चित तौर पर नौकरी मिलती है, लेकिन हार्ट अटैक या ब्रेन हैमरेज जैसी बीमारी के कारण मौत हो जाये तो उस पर नौकरी देने का कोई प्रावधान नहीं है. अध्यक्ष ने वैसे कमेटी मेंबरों को यह आश्वासन दिया है कि जरूर इसको लेकर मैनेजमेंट से बातचीत की जायेगी. महामंत्री सतीश सिंह और डिप्टी प्रेसिडेंट अरविंद पांडेय ने भी कहा कि वे लोग मानवता के नाते नौकरी देने की मांग जरूर करेंगे. गौरतलब है कि कमेटी मेंबर की इस तरह हार्ट अटैक या ब्रेन हैमरेज से पहली मौत नहीं हुई है. इससे पहले भी कमेटी मेंबरों की मौत हुई है और यूनियन की पहल पर मैनेजमेंट ने मानवता के नाते नौकरी दी है, लेकिन इसको लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है.



