जमशेदपुर: टीआरएफ लेबर यूनियन के अध्यक्ष राकेश्वर पाण्डेय के पहल पर कंपनी के सीएचआर की ओर से अभिजीत सिंह के नेतृत्व में जे आर डी टाटा ट्रेनिंग सेंटर में एक दिवसीय ट्रेनिंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इस कार्यक्रम का उद्देश्य टाटा स्टील ग्रुप कंपनियों के यूनियन लीडर्स को एक सूत्र में पिरोना था. कार्यक्रम की मुख्य अतिथि वीपी एचआरएम आत्रेयी सन्याल एवं विशिष्ट अतिथि टीआर एफ कंपनी के प्रबंध निदेशक उमेश कुमार सिंह मौजूद थे. कार्यक्रम का उद्घाटन कंपनी के प्रबंध निदेशक उमेश कुमार सिंह, चीफ ग्रुप एचआर एंड आई आर जुबिन पालिया, पीएन प्रसाद पूर्व चीफ एचआरएम ग्रुप आईआर, डॉ एस एम फहिमुद्दीन पासा डायरेक्टर ऑफ वर्कर्स राइट एट इंटरनेशनल ट्रेड यूनियन कंफिडरेशन (एशिया पैसिफिक), एवं एसएन ओझा पूर्व रिजनल डायरेक्टर, नेशनल बोर्ड फोर वर्क्स एजुकेशन एवं डेवलेपमेंट (मिनीस्ट्री ऑफ लेबर एवं एम्प्लॉयमेंट)
ने संयुक्त रूप से किया. राकेश्वर पाण्डेय ने कहा कि यूनियन लीडर्स का शिक्षित एवं संवेदनशील होना अति आवश्यक है. कंपनी एवं यूनियन को आने वाले समय के प्रतिस्पर्धाओं को समझना एवं एक साथ मिलकर कंपनी एवं मजदूर हित में काम करना है. इस ट्रेनिंग कार्यक्रम का आयोजन इसी उद्देश्य से किया गया है. सभी कंपनियों के लीडर्स से अनुरोध है कि आप इस कार्यक्रम का बेहतर लाभ उठाने का प्रयास करें एवं मजदूर हित में कुछ बेहतर कार्य करने की दिशा में अग्रसर हो. (नीचे भी पढ़े)

मौके पर प्रबंध निदेशक उमेश कुमार सिंह ने कहा कि यूनियन लीडर्स को कंपनी एवं बाजार की वस्तुस्थिति से अवगत रहना एवं वर्तमान व भविष्य की चुनौतियों को स्वीकार करते हुए उनसे निपटने की दिशा में एक साथ मिलकर काम करने की जरूरत है. ग्रुप एचआर हेड जुबिन पालिया ने कहा कि कंपनी के उन्नति के लिए यूनियन का मजबूत एवं सशक्त होना अति आवश्यक है. उन्होंने कहा कि ऐसे ट्रेनिंग कार्यक्रम समय समय पर होते रहने चाहिए. वीपी एच आर एम मैडम का संदेश वीडियो क्लिप के माध्यम से प्रस्तुत किया गया.
कार्यक्रम की शुरुआत करते हुए जुबिन पालिया ने स्टील सेक्टर की चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की. उन्होंने ने बताया कि टाटा स्टील वर्तमान चुनौतियों से निपटने के लिए जरूरी कदम उठा रही है. उन्होंने कहा कि इन चुनौतियों से निपटने में यूनियन लीडर्स की भी अहम भूमिका रहेगी. पीएन प्रसाद ने एक विश्वशनीय भागीदार के रूप अपने हितधारकों का प्रबंधन विषय पर विस्तार से चर्चा की.(नीचे भी पढ़े)

उन्होंने अपने अनुभवों को साझा करते हुए बहुत ही बेहतरीन तरीके से इस विषय वस्तु पर अपनी बातें रखीं. डा एसएम फहिमुद्दीन पासा ने यूनियन के जवाबदेही एवं उत्तरदायित्वों के विषय पर अपनी बातें रखीं. उन्होंने इंटरनेशनल ट्रेड यूनियन कंफिडरेशन की गतिविधियों पर विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने ने कहा कि हर यूनियन एवं यूनियन लीडर्स को मजदूर हित में काम करने का प्रयास करना चाहिए. एसएन ओझा ने यूनियन लीडरशिप के संदर्भ में संगठनात्मक बदलाव विषय पर अपने विचार रखे. उन्होंने अपने अनुभवों पर विस्तार से चर्चा की एवं कई उदाहरणों के माध्यम से विषय वस्तु को समझाने का प्रयास किया. इस मौके पर राकेश्वर पाण्डेय ने भी अपने विचार रखे एवं यूनियन लीडर्स को भविष्य में बेहतर कार्य करने के लिए मार्गदर्शन दिया. इस कार्यक्रम में टाटा वर्कर्स यूनियन के संजय कुमार सिंह, श्याम बाबू, टीएसयूएस श्रमिक यूनियन से सूरज सिंह, आरके शुक्ला, द गोलमुरी टिनप्लेट वर्कर्स यूनियन के सूर्य भूषण शर्मा, विनय साहू, संग्राम किशोर दास, टाटा स्टील फाउंडेशन एम्पलाइज यूनियन के अजय प्रताप सिंह, बिरेन टियूं, टाटा वायर एम्पलाइज यूनियन के चंदन कुमार सिंह, भास्कर राय, टाटा ब्लूस्कोप एम्पलाइज यूनियन के संजय सिंह, संतोष साहू, टीएसडीपीएल वर्कर्स यूनियन के रंजन मिश्रा, प्रमोद उपाध्याय, टाटा मजदूर यूनियन के प्रभु नाथ करण, कौशल कुमार, एवं टाटा रांबिन्स फ्रेजर लेबर यूनियन के सभी पदाधिकारी एवं मेम्बर्स ने भाग लिया. कार्यक्रम का संचालन कंपनी के सीएचआरओ अभिजीत सिंह एवं यूनियन के महामंत्री अंजनी कुमार ने किया.



