
चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के स्टेट क्वारंटाइन सेंटर में रह रहे एक मजदूर की मौत अस्पताल में इलाज के दौरान हो गई, जबकि चक्रधरपुर में एक अन्य प्रवासी मजदूर घर में ही मौत हो गयी. हलांकि दोनों ही मजदूरों ने अपने-अपने क्वारंटाइन सेंटर में 14 दिन की अवधि पूरी कर ली थी, लेकिन एक को घर जाना था तो दूसरे को छुट्टी दे दी गई थी. लेकिन एक प्रवासी मजदुर की तबियत खराब होने के कारण वह घर न जाकर चाईबासा सदर अस्पताल में इलाज कराने के लिए रूक गया था, जिसकी इलाज के क्रम में अस्पताल में शनिवार को मौत हो गई. मृतक के परिजनों के अनुसार वह पहले से ही बीमार था, लेकिन सेंटर में किसी को नहीं बताया. जब 14 दिन की क्वारंटाइन अवधि पूरी हो गयी तो इसकी जानकारी अधिकारियों को दी. इसके बाद अस्पताल में इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.







