
जमशेदपुर : भारत में टाटा स्टील स्टील के क्षेत्र में ताबड़तोड़ अधिग्रहण कर रही है. टाटा समूह की एयर इंडिया के टेकओवर के बाद टाटा समूह की बड़ी स्टील कंपनी टाटा स्टील अगले सप्ताह तक नीलांचल स्टील कारपोरेशन कंपनी का अधिग्रहण कर लेगी. बताया जाता है कि इसको लेकर सिर्फ औपचारिकता ही बाकि है. टाटा स्टील की ओर से अब तक अधिकारिक तौर पर कोई टिप्पणी करने से साफ तौर पर इनकार कर दिया है. नीलांचल स्टील कारपोरेशन कंपनी में भारत सरकार विनिवेश करने जा रही है, जिसके लिए 3 प्रमुख निविदाएं सरकार को प्राप्त हुई थी, जिसमें टाटा स्टील को ही अंतिम तौर पर सही माना गया है. टाटा स्टील के अलावा जिंदल स्टील (जेएसपीएल) और जिंदल कंपनी के ही जेएसडब्ल्यू स्टील ने अपनी दावेदारी पेश की थी. लेकिन इन दोनों में से सिर्फ टाटा स्टील के ही प्रस्ताव को मंजूरी दी गयी है. टाटा स्टील ने सबसे अधिक 12 हजार करोड़ रुपये की बोली लगाकर इस कंपनी को अपने नाम कर लिया है. वैसे इसकी घोषणा मात्र बाकि है. वैसे इस संपत्ति का मूल्यांकन 7000 करोड़ रुपये तक की थी. इस कंपनी में एमएमटीसी की 49 फीसदी की हिस्सेदारी है. सरकार ने अपनी 93 फीसदी हिस्सेदारी बेचने के लिए आरएफपी जारी किया था. बीएचइएल की एनआइएनएल में 0.68 फीसदी की हिस्सेदारी है. एमएमटीसी को शेयर बिक्री राशि अलग से प्राप्त होगी. उषा मार्टिन और भूषण स्टील के बाद टाटा स्टील यह बड़ी खरीददारी करने जा रही है. इसको लेकर सबकी निगाहें टिकी हुई है. अगले सप्ताह सिर्फ अधिकारिक घोषणा करना बाकि है, जो हो जायेगी.
कैसी है यह कंपनी
एनआइएनएल कंपनी चार केंद्र सरकार की कंपनी एमएमटीसी, एनएमडीसी, भेल और मेकॉन के साथ ओड़िशा सरकार की दो कंपनी आइपीआइसीओएल और ओड़िशा माइनिंग कारपोरेशन की संयुक्त उद्यम कंपनी है. नीलाचल इस्पात निगम लिमिटेड (एनआईएनएल) को स्टील उत्पादों के निर्माण और बिक्री के लिए ओड़िशा के कलिंगनगर औद्योगिक परिसर, जिला जाजपुर, में 1.1 मिलियन टन एकीकृत स्टील प्लांट (आईएसपी) स्थापित करने के लिए 1982 में शुरू किया गया था. साथ के एकीकरण के हिस्से के रूप में और इस्पात क्षेत्र में अपने प्रभावन क्षमता का लाभ उठाने के लिए, एमएमटीसी 49.78 फीसदी की इक्विटी शेयरधारिता के साथ प्रमुख शेयरधारक है. कंपनी के अन्य प्रमोटरों और प्रमुख शेयरधारकों में द इंडस्ट्रियल इन्वेस्टमेंट प्रोमोशन कॉरपोरेशन ऑफ ओड़िशा लिमिटेड (आईपीआईसीओएल), एनएमडीसी लिमिटेड, द ओड़िशा माइनिंग कंपनी लिमिटेड (ओएमसी), एनएमडीसी लिमिटेड और मेकॉन लिमिटेड शामिल हैं. एनआईएनएल की बिक्री के लिए रूचि की अभिव्यक्ति (ईओआई) 29 मार्च 2021 को पूरा हो गया. इसमें तीन कंपनियों ने अपनी दावेदारी की है. इसके बाद अपने माइंस भी है.







