जमशेदपुर : डायरेक्टरेट जनरल ऑफ जीएसटी इंटेलिजेंस (डीजीजीआइ) जमशेदपुर यूनिट ने करोड़ों रुपये के जीएसटी घोटाला का पर्दाफाश किया है. इस दौरान फर्जी बिलिंग और बिना जीएसटी लेन-देन के मामले में लोहा कारोबारी प्रमोद कुमार अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया है. पटना जोनल यूनिट के अतिरिक्त महानिदेशक ज्योति कुमार बुगुना के निर्देश पर और अतिरिक्त निदेशक सार्थक सक्सेना के नेतृत्व में यह ऑपरेशन संचालित किया गया. इंटेलिजेंस इनपुट मिलने के बाद डीजीजीआइ की टीम ने प्रमोद अग्रवाल के डाल्टनगंज स्थित ठिकानों पर लगातार तीन दिनों तक छापेमारी की. छापेमारी के दौरान भारी मात्रा में दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड और संदिग्ध लेन-देन से जुड़े सबूत टीम के हाथ लगे. इसके बाद व्यापारी को गुरुवार देर रात डाल्टनगंज से गिरफ्तार कर जमशेदपुर लाया गया. (नीचे भी पढ़ें)
साकची स्थित डीजीजीआइ कार्यालय में उससे घंटों पूछताछ की गई और बयानों को रिकॉर्ड में लिया गया. इसके बाद मेडिकल परीक्षण के लिए आरोपी को फिलहाल एमजीएम अस्पताल ले जाया गया. शुक्रवार को मेडिकल जांच पूरी होने के बाद उसे आर्थिक अपराध न्यायालय में पेश किया गया, जहां आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई. (नीचे भी पढ़ें)
डीजीजीआइ अधिकारियों के अनुसार, जांच अब भी जारी है और मामले की परतें खुलने के साथ कुछ और कारोबारियों और फर्मों के नाम सामने आने की आशंका है. अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक निष्कर्ष बताते हैं कि फर्जी बिलिंग और टैक्स चोरी का यह नेटवर्क काफी बड़ा है, जिसे व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जा रहा था. आने वाले दिनों में जांच का दायरा और विस्तृत किए जाने की संभावना है.



