जमशेदपुर : जेपीएससी, जेएसएससी, सीजीएल, जूनियर इंजीनियर, उत्पाद सिपाही समेत विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं, पेपर लीक, भ्रष्टाचार एवं भर्ती घोटालों के विरोध में और रांची में आंदोलनरत छात्रों और युवाओं की न्यायोचित मांगों के समर्थन में भाजयुमो जमशेदपुर महानगर के तत्वावधान में शनिवार को जिला उपायुक्त कार्यालय पर जोरदार आक्रोश प्रदर्शन किया गया. भाजयुमो जिलाध्यक्ष नीतीश कुशवाहा के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में युवाओं एवं छात्रों ने कांग्रेस समर्थित हेमंत सोरेन सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए अपना विरोध दर्ज कराया. प्रदर्शन के तहत साकची स्थित भाजपा जिला कार्यालय से उपायुक्त कार्यालय तक पैदल आक्रोश मार्च निकाला गया. सैकड़ों युवाओं ने हाथों में तख्तियां एवं पोस्टर लेकर राज्य सरकार की विफल भर्ती व्यवस्था, भ्रष्टाचार और युवाओं के भविष्य से हो रहे खिलवाड़ के खिलाफ आवाज बुलंद की. प्रदर्शन के उपरांत भाजपा के प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल के नाम उपायुक्त के माध्यम से ज्ञापन सौंपते हुए 14वीं जेपीएससी की सीबीआई जांच, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के इस्तीफे एवं दोषियों पर कठोर कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग की. राज्यपाल के नाम सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया कि झारखंड में विगत कई वर्षों से जेपीएससी एवं जेएसएससी द्वारा आयोजित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार पेपर लीक, भर्ती घोटाले, अनियमितताओं एवं पारदर्शिता के अभाव की घटनाएं सामने आ रही हैं. (नीचे भी पढ़ें)

इन घटनाओं ने लाखों मेहनती एवं प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों के भविष्य को संकट में डाल दिया है. ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि रांची स्थित मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में हजारों युवा एवं अभ्यर्थी शांतिपूर्ण तरीके से निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कठोर कार्रवाई और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया की मांग को लेकर आंदोलनरत हैं और भारतीय जनता पार्टी उनकी न्यायोचित मांगों का पूर्ण समर्थन करती है. भाजपा ने ज्ञापन के माध्यम से मांग किया कि जेपीएससी एवं जेएसएससी से संबंधित सभी पेपर लीक और भर्ती घोटालों की उच्चस्तरीय, निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच कराई जाए। पेपर लीक एवं भर्ती घोटालों में संलिप्त सभी दोषियों, बिचौलियों एवं अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए. प्रतियोगी परीक्षाओं की संपूर्ण प्रक्रिया को तकनीक आधारित, पारदर्शी एवं भ्रष्टाचार मुक्त बनाया जाए. फास्ट ट्रैक कोर्ट का गठन कर स्पीडी ट्रायल के माध्यम से दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जाए. राज्य में परीक्षा लीक एवं भर्ती परीक्षाओं में हुई गड़बड़ियों की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन तत्काल इस्तीफा दें. 14वीं जेपीएससी गड़बड़ी मामले में तत्कालीन अध्यक्ष एल ख्यांगते पर मुकदमा दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाए तथा जेपीएससी के तीनों सदस्यों को बर्खास्त कर गिरफ्तार किया जाए. (नीचे भी पढ़ें)

उत्पाद सिपाही दौड़ परीक्षा के दौरान मृत सभी अभ्यर्थियों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए. साथ ही, लंबित नियुक्ति प्रक्रियाओं को शीघ्र, निष्पक्ष एवं पारदर्शी तरीके से पूर्ण कर योग्य अभ्यर्थियों को न्याय दिलाया जाए तथा आंदोलनरत युवाओं की मांगों पर गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सकारात्मक निर्णय लिया जाए. इस अवसर पर भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष सह पूर्व सांसद आभा महतो, भाजपा जिला उपाध्यक्ष बबुआ सिंह ने लोगों को संबोधित किया. आक्रोश प्रदर्शन में पूर्व जिलाध्यक्ष देवेंद्र सिंह, चंद्रशेखर मिश्रा, बिनोद सिंह, गुंजन यादव, मनोज सिंह, दुलाल भुइयां, कुलवंत सिंह बंटी, जिप सदस्य कुसुम पूर्ति, जिला पदाधिकारी बबुआ सिंह, अमरजीत सिंह राजा, राजीव सिंह, जितेंद्र राय, तन्मय झा, रेणु सिन्हा, संजीत चौरसिया, प्रेम झा, अखिल सिंह, बिनोद सिंह, अमित सिंह, किशोर ओझा, उज्ज्वल सिंह, राकेश दुबे, अमित अग्रवाल, अमिताभ सेनापति, शैलेश गुप्ता, प्रदीप मुखर्जी, धर्मेंद्र प्रसाद, मंजीत सिंह, सागर राय, नीलु मछुआ, अभिमन्यु सिंह, अजय श्रीवास्तव, हरिकिशोर तिवारी, शशांक शेखर, पप्पू सिंह, सुबोध झा, चिंटू सिंह समेत मंडलाध्यक्ष बिनोद राय, रंजीत सिंह, पप्पू उपाध्याय, कुमार अभिषेक, रविन्द्र सिसोदिया, प्रशांत पोद्दार, मारुति नंदन पांडेय, जुगनू वर्मा, आनंद कुमार, उपेंद्र गिरी, नीरज शर्मा, बापन बनर्जी, चंचल चक्रवर्ती, शशि यादव, बीनानंद सिरका, गणेश मुंडा, लक्ष्मण बेहरा, मनोज सिंह, सन्नी सिंह चौहान, बिरेन महतो, जया शर्मा, राज सिंह समेत सैकड़ों युवा मौजूद रहे.




