जमशेदपुर : सीएसआइआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (सीएसआइआर-एनएमएल), जमशेदपुर तथा मेसर्स ओसवाल इंजीनियरिंग एंड केमिकल कंपनी, जमशेदपुर के मध्य “विभिन्न ग्रेड के कोयला एवं बेंजोइक एसिड के प्रमाणित संदर्भ सामग्री के विकास” के लिए एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओए) पर हस्ताक्षर किए गए. (नीचे भी पढ़ें)

इस समझौते के अंतर्गत विकसित किए जाने वाले सीआरएम भारत के विभिन्न कोयला खदान प्रयोगशालाओं, विश्लेषणात्मक प्रयोगशालाओं, इस्पात एवं फेरो अलॉय उद्योगों, ताप विद्युत संयंत्रों तथा भारत सरकार की विभिन्न नियामक प्रयोगशालाओं के लिए गुणवत्ता नियंत्रण सामग्री के रूप में उपयोग किए जाएंगे. इससे परीक्षण एवं विश्लेषण की गुणवत्ता, विश्वसनीयता तथा मानकीकरण को बढ़ावा मिलेगा. (नीचे भी पढ़ें)
यह पहल भारत सरकार के ‘मेक इन इंडिया’ एवं ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान के अनुरूप देश में स्वदेशी स्तर पर उच्च गुणवत्ता वाले प्रमाणित संदर्भ पदार्थों के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. इससे आयात पर निर्भरता कम होगी तथा देश में परीक्षण एवं गुणवत्ता आश्वासन के क्षेत्र को सुदृढ़ बनाने में सहायता मिलेगी. इस अवसर पर सीएसआईआर-एनएमएल के निदेशक डॉ संदीप घोष चौधरी, डॉ एसके पाल (प्रमुख, आरपीबीडी), डॉ. एके उपाध्याय, रूपा दास बिस्वास, डॉ राजेन कुंडू, डॉ बीना, डॉ मो आरिफ तथा सरोज कुमार उपस्थित रहे.




