जादूगोड़ा : अपराध का हब बन चुके जादूगोड़ा थाना क्षेत्र में अपराधी इस कदर बेलगाम हो चुके हैं कि अब सड़क चलती महिलाएं भी सुरक्षित नहीं हैंl स्थिति यह है कि जादूगोड़ा में अब महिलाओं की आबरू से भी अपराधी दिन-दहाड़े खेल कर आज़ाद घूम रहे हैंl एक महिला ने जब जादूगोड़ा थाना में आरोपियों पर प्रथिमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन दिया, तो थाना प्रभारी ने प्राथमिकी दर्ज करने से इन्कार कर दिया। उसके बाद हारकर महिला ने पोटका के विधायक संजीव सरदार से गुहार लगाई। तब जाकर बड़ी मशक्कत के बाद कहीं पीड़िता की प्राथमिकी दर्ज हो पाईl आरोपियों पर इस प्रकार से जादूगोड़ा थाना प्रभारी की मेहरबानी क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई हैl (नीचे भी पढ़ें)
प्राथमिकी के अनुसार जादूगोड़ा दयाल मार्केट निवासी एक 29 वर्षीय महिला पिछले 6 जुलाई की सुबह मॉर्निग वाक पर निकली थी।। उसी समय नवरंग मार्केट स्थित राहुल होटल के पास पहले से जमावड़ा लगाये कुछ युवकों ने उस पर अश्लील फब्तियां कसना शुरू कर दियाl महिला जब उनसे बचते हुए यूसिल कॉलोनी जादूगोड़ा वाले रास्ते में प्रवेश करके सी टाइप फुटबॉल मैदान का चक्कर लगा रही थी तभी नवरंग मार्केट निवासी हिमांशु कुमार सिंह, पवन सिंह, शिवाजी कश्यप, अभिषेक ठाकुर, चंचल सिंह ने उसके साथ सरेराह छेड़खानी शुरू कर दी और अश्लील हरकत भी कीl प्रतिरोध करने पर धमकी देकर सभी लोग भाग गएl (नीचे भी पढ़ें)
इसके बाद पीड़िता ने घटना की लिखित जानकारी जादूगोड़ा थाना में दी एवं कार्रवाई का अनुरोध किया, मगर दिन भर बीत जाने के बाद भी कोई कारवाई नहीं हुईl पीड़िता का आरोप है कि उसे जादूगोड़ा थाना प्रभारी ने सभी आरोपियों के बीच बैठा कर जलील किया और प्राथमिकी वापस लेने के लिए दवाब डालाl दिन भर बीत जाने के बाद भी जब घटना की प्राथमिकी दर्ज नहीं हुई तो दूसरे दिन पीड़िता पोटका के विधायक संजीव सरदार से मिली और मदद की गुहार लगाईl इसके बाद विधायक ने महिला की शिकायत पर तुरंत संज्ञान लेते हुए मुसाबनी के पुलिस उपाधीक्षक को संबंधित मामले में प्राथमिकी दर्ज करवाने और कारवाई का निर्देश दिया l उसके बाद पीड़िता की प्राथमिकी दर्ज तो कर ली गयी,, मगर सभी आरोपी अब भी खुलेआम घूम रहे हैंl (नीचे भी पढ़ें)
इधर पीड़िता का कहना है कि यदि सभी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो इस पूरे मामले की शिकायत राज्य के मुख्यमंत्री, पुलिस महानिदेशक समेत सभी उच्चाधिकारियों को करके न्याय की मांग करेंगी और जादूगोड़ा थाना प्रभारी की भूमिका की जांच की मांग करेंगी कि आखिर थाना प्रभारी की ऐसी क्या मजबूरी थी कि एक पीड़ित महिला की प्राथमिकी दर्ज करने से इन्कार करके उन्होंने आरोपियों के साथ उसे बैठा कर सरेआम जलील कियाl वैसे भी जादूगोड़ा थाना क्षेत्र अब धीरे– धीरे अपराधियों का सुरक्षित ठिकाना बनता जा रहा है हाल के दिनों में नरवा पुल पर सरेआम गोली चलन और बाइक लूट, जादूगोड़ा कॉलोनी में सरेआम चेन छिनतई, जादूगोड़ा रंकिनी मंदिर में युवक पर गोली चालन जैसी गंभीर वारदातों को अंजाम देकर अपराधी बड़ी आराम से निकल जा रहे हैं और पुलिस लकीर पीट रही हैl वहीँ जब पीड़ित थाना पहुँच रहे हैं तो बजाय उनकी शिकायत पर सुनवाई के उन्हें थाने से ही भगा दिया जा रहा हैl (नीचे भी पढ़ें)
सूत्र बताते हैं कि इस घटना से जुड़े आरोपियों की जादूगोड़ा थाना प्रभारी से अच्छी बनती है। शायद यही कारण है कि आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज नहीं की गयीl बहरहाल पीड़िता ने कहा है कि अपराधी पुलिस गठजोड़ के खिलाफ वह आखिरी दम तक लड़ेगी और जब तक उसे न्याय नहीं मिल जाता शांत नहीं बैठेगीl अब देखना है कि मजबूरी में दर्ज की गयी प्राथमिकी के आलोक में पुलिस कोई कार्रवाई करती है या पूर्व की घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों की तरह ये सभी आरोपी भी पुलिस की पकड़ से बाहर ही रह जाते हैंl







