जमशेदपुर: मारवाड़ी युवा मंच के पूर्व अध्यक्ष उमेश खीरवाल ने बयान जारी करते हुए कहा कि मंत्री बन्ना गुप्ता वैश्य समुदाय से ताल्लुक रखते हैं. हाल ही में इन्होंने कई अभूतपूर्व कार्य किये हैं. चाहे मानगो में फ्लाईओवर निर्माण के लिए किया गया प्रयास हो अथवा एमजीएम अस्पताल में 400 करोड़ की लागत से मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल की परिकल्पना या विश्वस्तरीय मानगो बस स्टैंड और डोबो से गम्हरिया तक पुल निर्माण की योजना, सब मिलाकर ग्यारह सौ करोड़ की योजना तैयार की गईं हैं. मानगो डिवाइडर का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है, वहां ओपन जिम का निर्माण प्रारंभ हो चुका है. जुगसलाई रेलवे ब्रिज निर्माण में आ रही बाधाओं को दूर करने में मंत्री बन्ना गुप्ता के योगदान को जनता ने अपनी आंखों से देखा है. मानगो चौक एवं ट्रेगुलर पार्क सौंदर्यीकरण में मंत्री बन्ना गुप्ता की भूमिका से भी जनता अनजान नहीं है. सभी जात धर्म वर्ग के लोगों के लिये समान रुप से समर्पित बन्ना गुप्ता की लोकप्रियता जनता में काफी बढ़ चुकी है. जिसको लेकर कुछ सामंतवादी सोच के लोग बौखला गए हैं और एक वर्ग विशेष के लोगों को भड़काने का कार्य कर रहे हैं. जबकि मंत्री बन्ना गुप्ता के जनता दरबार में जब कोई व्यक्ति पहुंचता है तब ना तो वे उसकी राजनैतिक पार्टी पूछते हैं एवं ना उसका वर्ग और ना ही यह पूछते हैं कि उपरोक्त व्यक्ति किस विधानसभा का है. (नीचे भी पढ़े)
सभी आगंतुक का कार्य निष्पक्ष तरीके से करने का प्रयास करते हैं. बन्ना गुप्ता का प्रतिदिन दो घंटा अध्ययन में बीतता है. हर विषय में उनकी पकड़, उनकी गंभीर होती वक्तव्य शैली एवं मिलनसार व्यवहार ने जनता को उनके करीब कर लिया है. आज बन्ना गुप्ता ना केवल जमशेदपुर पश्चिमी विधानसभा बल्कि जमशेदपुर लोकसभा या झारखंड प्रदेश स्तर के कद्दावर जननेता बन कर उभर चुके हैं. उमेश खीरवाल ने कहा कि जो लोग दशकों से सत्ता सुख भोग रहे थे वे इस लोकप्रियता को पचा नहीं पा रहे हैं और मंत्री के विरुद्ध अनाप शनाप बकवास कर रहे हैं. जिसका जवाब जनता स्वयं देगी. रही बात जातिगत संख्या की, तो स्पष्ट रहे कि जमशेदपुर लोकसभा में वैश्य जाति के दो लाख लोग निवास करते हैं, जिनके दो प्रतिनिधि अलग अलग दो पार्टियों में हैं. कांग्रेस में बन्ना गुप्ता और भाजपा में रघुवर दास, वैश्य व पिछड़ा समुदाय अब जाग चुका है एवं अपने दोनों नेताओं के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है.



