
जमशेदपुर : जमशेदपुर के साकची बसंत टॉकीज गोलचक्कर पर स्थित हनुमान मंदिर का मसला गहराता नजर आ रहा है. इस विवाद के बीच शनिवार को सरयू राय के समर्थक श्रीश्री लोक संकट मोचक हनुमान मंदिर के सदस्य धारा 107 के तहत धालभुम अनुमंडल पदाधिकारी के कार्यालय में हाजिर हुए. अधिवक्ता रवि शंकर पांडेय ने पक्ष रखा और एसडीओ को बताया कि धारा 144 लागू होने के बावजूद मंदिर के निकट दिनभर अवैध जमावड़ा लगाया जा रहा है. इसकी जानकारी लिखित तौर पर दी गयी है. इस समूह के 22 सदस्य धारा 107 के तहत अनुमंडल पदाधिकारी धालभुम के कार्यालय में हाजिर हुए. प्रथम पक्ष के तरफ से 22 लोगों का पक्ष अधिवक्ता रवि शंकर पांडेय ने रखा. कारण पृक्षा का जवाब देने के लिए दो सप्ताह के समय मांगा गया. अधिवक्ता ने सबमीशन में कहा की धारा 144 लागू होने के बावजूद मंदिर के सामने सुबह 06:00 बजे से रात्री 12: 00 बजे तक अवैध जमावड़ा चल रहा है और पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है. यदि भविष्य में कोई अप्रिय घटना घटती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी. दूसरी ओर, भाजमो के जिला अध्यक्ष सुबोध श्रीवास्तव ने कहा है कि जिला प्रशासन को श्री श्री लोक संकट मोचक हनुमान मंदिर साकची कालीमाटी में धारा 144 लागू कर असमाजिक तत्वों के जमावड़े पर लगाम लगाने के लिए आभार जताया है. श्री श्रीवास्तव ने कहा कि श्री श्री लोक संकट मोचक हनुमान मंदिर साकची कालीमाटी के निर्माण में कुछ अपराधिक प्रवृति के लोगों ने जुड़कर साकची बाजार की शांति और संपदा को बिगाड़ने का प्रयत्न किया था. उनकी सोची समझी रणनीति थी कि धार्मिक भावनाओं को भड़का क्षेत्र में दंगा फसाद और साकची के दुकानदारों के बीच असुरक्षा का माहौल उतपन्न करें. तत्पश्चात बाजार में अवैध वसूली का धंधा संचालित करने की योजना थी. जमशेदपुर के जिला प्रशासन को मजबूरन धारा 144 लागू करना पड़ा. प्रशासन ने जो कार्य किया है, वो लोगों की सुरक्षा के दृष्टिकोण से सही था. बहुत जल्द जिला प्रशासन के सहयोग से स्थानीय दुकानदारों के नेतृत्व में मंदिर निर्माण कार्य को पुनः प्रारंभ किया जाएगा. दूसरी ओर, भाजमो महिला मोर्चा की अध्यक्ष मंजू सिंह ने कहा है कि पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास के बड़बोले बदजुबान नेता रामबाबू तिवारी द्वारा विगत दिनों श्रीश्री लोक संकट मोचक हनुमान मंदिर साकची कालीमाटी के समक्ष भाजमो महिला नेत्री के खिलाफ दिए गए अभद्र बयान की घोर निंदा की और शहर की महिलाओं से रामबाबू तिवारी का पुरजोर विरोध कर सामाजिक बहिष्कार का आह्वान किया है. मंजू सिंह ने कहा की रघुवरवादी नेता रामबाबू तिवारी जिनका पहचान शहर में गुंडों और अपराधियों को राजनीतिक सुरक्षा और संरक्षण प्रदान करने के लिए जानी जाती है. उन्होंने अपने गंदे जुबान से जिस प्रकार एक हरिजन महिला पर पुरूषों की भीड़ में अभद्र भाषा का प्रयोग किया, उससे पूरे झारखंड की महिलाओं की अस्मिता को ठेस पहुंची है. जिस देश में नारी को मां दुर्गा का स्वरूप कहकर पूजा जाता है, वहां ऐसी ओछी सोच वाले हमारे समाज में समाजसेवा एवं राष्ट्रीय पार्टी के नेता का ओहदा लेकर बैठे हैं. मंजू सिंह ने जमशेदपुर की महिलाओं को आवाह्न किया है की वे इस विषय पर सामने आए और जोरदार प्रतिकार कर नारी शक्ति की एकता का परिचय दें. मंजू सिंह ने कहा कि यदि रामबाबू तिवारी ने उक्त हरिजन महिला को स्वयं द्वारा दिए गए अपमानजनक बयान के लिए सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगी तो बहुत जल्द एससी-एसटी एक्ट के तहत मानहानि का मुकदमा दायर करेंगी. साथ ही राष्ट्रीय महिला आयोग, झारखंड कैबिनेट की सभी महिला मंत्रियों एवं झारखंड के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर रामबाबू तिवारी के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की मांग करेंगी. मंजू सिंह ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा की रामबाबू तिवारी एवं अन्य रघुवरवादी नेता इसे रघुवर दास के पूर्व के तानाशाही शासन समझने की भूल ना करें. रघुवर दास ने महिलाओं पर लाठी चलवाया था और महिलाओं को कभी सभाओं में अपमानित भी किया था, जिसका नतीजा है की महिला शक्ति ने उसे सत्ता से बाहर का रास्ता दिखा दिया. देश के 50% के अब हम भागीदारी हो गए हैं. अतः हम किसी भी अभद्र वक्तव्य पर आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे. इस पर सड़क पर आंदोलन करने से भी वे पीछे नहीं हटेंगी और रघुवरवादियों का महिला विरोधी चेहरा सबके सामने बेनकाब करेंगी. (नीचे देखे पूरी खबर)

धारा 144 के बाद भी सरयू राय और उनके समर्थक मन्दिर पर जमावड़ा लगा रहे है : मन्दिर निर्माण समिति
शनिवार को श्री श्री हनुमान मंदिर निर्माण समिति द्वारा श्री श्री हनुमान मंदिर पर धारा 144 लगने के बावजूद सरयू राय और उनके समर्थक सुबह मन्दिर के पास सैकड़ो लोगो के साथ जमावड़ा लगाए और झूठ-मुठ के व्यापारियो संग साकची बाजार भ्रमण के नाम पर लोगो को दिग्भर्मित कर रहे है और लोगो को बहला फुसलाकर मन्दिर पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे है. साथ ही लोगो के बीच मे यह भी भ्रांतियां फैलाई जा रही है कि मैंने 144 नही लगाया है जबकि उनके आवेदन और मन्दिर निर्माण कार्य रोकने के आवेदन पर धारा 144 लगा है और मन्दिर का कार्य बाधित हुआ है. आज दोनों तरफ से 107 के नोटिस मिलने के बाद अनुमंडल दंडाधिकारी के समक्ष अधिवक्ता के मौजूदगी में हाजिरी लगाई और अपना पक्ष मजबूती के साथ रखा साथ ही मन्दिर कमिटी के लोगो ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से शिकायत की गई है कि मन्दिर परिसर के आसपास सरयू राय और उनके समर्थक अगर घूमते नजर आया तो श्री श्री हनुमान मंदिर समिति चुप नही बैठेगी और यह समझेगी की माननीय के दबाव में जिला प्रशासन कार्य कर रही है. इस पर अनुमंडल दंडाधिकारी ने उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया है. अनुमण्डल दण्डाधिकारी के कार्यालय पर उपस्थित लोगों में मुख्य रूप से सुरेंद्र शर्मा, चिंटू सिंह, राकेश साहू, अप्पू तिवारी, प्रभात साही, सोनू ठाकुर, राहुल दुर्गे, ध्रुव मिश्रा, हेमन्त पाठक, निर्मल दीक्षित, राजेश त्रिपाठी, ललित राव, विकास सिंह, दशरथ शुक्ला, हीरा सेठ, सागर सिंह, संजय कुमार, छोटू पण्डित, सौरभ झा समेत अन्य मौजूद थे.




