जमशेदपुर: आदिवासी मुंडा समाज सोपोडेरा जमशेदपुर के द्वारा इस क्षेत्र के लगभग 5 ग्राम मोहल्ला के आदिवासी समुदाय के महिला पुरुष बच्चे बुजुर्गो ने हर्ष उल्लास और उमंग के साथ आयोजित सरहुल महोत्सव में शामिल हुए.इस अवसर पर परंपरागत तरीके से, सोपोडेरा पूजा स्थल पर, प्राकृतिक देवी देवता, सूर्य चांद, पहाड़ जंगल पेड़ पौधे नदी नाला हवा पानी ईस्ट देवता कुल देवता ग्राम देवता, पितृ देवता, आदि को बसंत ऋतु में नव सृजित फलों,फूलों, एवं साल के पत्तों से ग्राम के पुजारी पाहन के पूजा अर्चना किया गया. पूजा स्थल पर स्मरण करते हुए अच्छी फसल, अच्छी बरसात, होने की कामना की गयी. (नीचे भी पढ़े)

साथ ही प्राकृतिक देवता से कामना किया गया कि किसी प्रकार का प्राकृतिक आपदा, रोग दुख, महामारी आदि गांव, ग्राम, पंचायत, के साथ साथ प्रदेश में ना आए. इस अवसर पर आदिवासी मुंडा समाज के पाहन द्वारा आदिवासी कला सांस्कृतिक स्थल सालगाझूड़ी में जाकर, पितृ देवता हाड़म बूढ़ी ग्राम देवता की पूजा अर्चना की गयी. बिरसा मुंडा मूर्ति स्थल सालगाझूड़ी में जाकर भगवान बिरसा मुंडा को माल्यार्पण किया गया. साथ ही सोपोडेरा में स्थित भगवान बिरसा मुंडा प्रतिमा पर भी अतिथियों के द्वारा माल्यार्पण किया गया. सरहुल महोत्सव के अवसर पर सुबह से ही पारंपरिक भेष भूषा में तैयार होकर, सोपोडेरा मैदान में एकत्रित होकर कार्यक्रम की सफलता के लिए तत्पर रहे. सरहुल महोत्सव के दौरान ही शोभायात्रा आयोजन समिति के द्वारा पारंपरिक नृत्य गीत संगीत के साथ सरहुल शोभा यात्रा निकला गया जो बारीगोड़ा फाटक से बामनगोड़ा,सालगझुडी फाटक होते हुए पुनः सोपोडेरा मैदान में पहुंचा. जहां अखाड़ा में आदिवासी समाज के महिला पुरुष और बच्चे पारंपरिक नृत्य करते हुए, अपनी खुशी का इजहार किए. (नीचे भी पढ़े)
इस अवसर पर पारंपरिक अंग वस्त्र दे कर अतिथियों का सम्मान स्वागत किया गया. साथ ही आदिवासी समुदाय का पारंपरिक प्रसाद लेटो माडी का वितरण किया गया.सरहुल महोत्सव में मुख्य अतिथि के रूप में बीजेपी नेत्री मीरा मुंडा,विशेष आमंत्रित अतिथि जिला परिषद सदस्य कुसुम पूर्ति, बीजेपी नेता भूषण दीक्षित संजय मालाकार, बिना नंद सिरका मुखिया रणजीत सिंह, जोबा रानी ,राम सिंह मुंडा, सुनीता नाग, प्रकाश सांडील, रुद्र मुंडा, महेश नाग, धन सिंह मुंडा, राज सांडील, द्रोपदी मुंडा, कृष सांडिल, विनीत सांडिल, सन्नी मुंडा, सुनिल सांडिल, विवेक मुंडा, लक्ष्मण मुंडा, दुर्योधन मुंडा, विनीत सांडील, कृष सांडिल, धीरज सांडिल, विशाल मुंडा, लखीराम शंख मुंडा, सीमा मुंडा, सुशीला मुंडा, विवेक मुंडा लक्ष्मण मुंडा, दुबराज मुंडा, राकेश सांडील, सन्नी मुंडा, दीपक सांडिल, दिलीप सांडिल, मंगल मुंडा, नीला टूटी, कठीन मुंडा (पाहन पुजारी)सीमा कच्छप, सुमित्रा नाग, द्रोपदी मुंडा, सुलेखा सांडिल, सुमित्रा नाग का अहम योगदान रहा.




