
जमशेदपुर : झारखंड सिख प्रतिनिधि सभा की बैठक शुक्रवार को साकची स्थित कार्यालय में अध्यक्ष गुरचरण सिंह बिल्ला की अध्यक्षता में संपन्न हुई. इस बैठक में बतौर मुख्य अतिथि साकची गुरुद्वारा कमेटी के चेयरमैन सरदार महेंद्र सिंह उपस्थित थे. इसमें सिखों के सर्वोच्च धार्मिक पीठ श्री अकाल तख्त साहिब जी के जत्थेदार सिंह साहब ज्ञानी हरप्रीत सिंह जी द्वारा जारी हुकुमनामा का स्वागत किया गया कि गुरुद्वारा साहिब ही नहीं किसी भी पवित्र स्थान में टिकटॉक बनाकर मर्यादा एवं परंपरा का उल्लंघन नहीं किया जाना चाहिए. इसके माध्यम से भावनात्मक चोट नहीं पहुंचाई जानी चाहिए. सभी गुरुद्वारा कमेटियों के प्रबंधक इसका पालन लोगों को जागरुक कर कराएं तथा इससे होने वाली भावनात्मक पीड़ा से भी लोगों को अवगत कराएं. अध्यक्ष गुरचरण सिंह बिल्ला ने जमशेदपुर के सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी तथा गुरुद्वारा कमेटियों के ओहदेदारों को निशाने पर लेते हुए कहा कि जो उन्हें अच्छा लगता है, जिससे भी अपनी तानाशाही चला सकते हैं, इसके लिए पवित्र तख्तों से जारी हुकुमनामे का सहारा लेते हैं. परंतु जहां प्रबंधक अथवा कोई ओहदेदार रसूख वाला है तो उसके खिलाफ कदम उठाने में डरते हैं. तब इनके पास बहानेबाजी एवं फैसला लेने से बचने के लिए कई तर्क होते हैं. उन्होंने बैठक ने बताया कि तख्त श्री हरमंदिर साहिब जी पटना के ज्ञानी सिंह साहब जत्थेदार सरदार रंजीत सिंह द्वारा एक आदेश सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सभी पदाधिकारियों एवं सभी सदस्यों को जारी हुआ है कि वे सरदार गुरमुख सिंह मुखे एवं सरदार अमरजीत सिंह अंबा को सेंट्रल गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी से निष्कासित करें. वहीं यह भी आदेश हुआ है कि दोषमुक्त होने तक दोनों को किसी गुरुद्वारा अथवा सिख जत्थेबंदी का सदस्य नहीं बनाया जाएगा और उन्हें किसी भी धार्मिक समारोह में बोलने की इजाजत नहीं होगी और उन्हें किसी प्रकार का सम्मान भी नहीं दिया जाएगा. इस आदेश की प्रति सरदार इंदरजीत सिंह एवं सरदार शैलेंद्र सिंह को भी दी गई है. इस मुद्दे पर सभी मौन धारण किए हुए हैं. गुरचरण सिंह बिल्ला ने कहा कि गुरु महाराज की कृपा हुई और संगत की अरदास काम आई. उन पर गोलियां दागी गई और वे बच गए. यहांहां गुरुद्वारा कमेटियों के प्रबंधकों को सच के साथ खड़ा होना चाहिए और झूठ का तथा अपराधियों का मुकाबला करना चाहिए. वहां वे डरे हुए हैं. गुरचरण सिंह बिल्ला के अनुसार ऐसे में संगत खुद ही आगे आए और प्रबंधकों के गलत कामों का विरोध करें. इस मौके पर साकची गुरुद्वारा कमेटी के वाइस चेयरमैन सतनाम सिंह सिद्धू, टिनप्लेट कमेटी के सुरजीत सिंह खुशीपुर, कुलदीप सिंह गिल, कविसर जसवीर सिंह मत्तेवाल, त्रिलोचन सिंह गुरमीत सिंह सोनी सिंह, अवतार सिंह एवं अन्य उपस्थित थे.







